प्रश्न 1: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधी युग के भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन की समग्र ऐतिहासिक उपलब्धि को सबसे बेहतर रूप में व्यक्त करता है?
-
A.
इसने केवल संवैधानिक सुधारों की मांग की।
-
B.
इसने राष्ट्रीय आंदोलन को सीमित अभिजात दायरे में रखा।
-
C.
इसने भारतीय स्वतंत्रता संघर्ष को केवल आर्थिक आंदोलन बना दिया।
-
D.
इसने भारतीय स्वतंत्रता संघर्ष को जनाधारित, नैतिक और वैश्विक प्रभाव वाला आंदोलन बना दिया।
✓
सही उत्तर:
D
— इसने भारतीय स्वतंत्रता संघर्ष को जनाधारित, नैतिक और वैश्विक प्रभाव वाला आंदोलन बना दिया।
व्याख्या (Explanation):गांधी युग में भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन जनसहभागिता, नैतिक प्रतिरोध और अहिंसा पर आधारित वैश्विक प्रेरणा का स्रोत बना। मार्टिन लूथर किंग जूनियर और नेल्सन मंडेला जैसे नेताओं ने गांधीवादी विचारों से प्रेरणा ली। आंदोलन केवल संवैधानिक या आर्थिक सीमाओं तक सीमित नहीं था।
प्रश्न 2: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रिप्स मिशन की अस्वीकृति के संदर्भ में सबसे उपयुक्त है?
-
A.
भारतीय नेताओं को लगा कि प्रस्तावों में वास्तविक सत्ता हस्तांतरण का अभाव था।
✓
-
B.
प्रस्तावों में संविधान सभा का विचार नहीं था।
-
C.
ब्रिटिश सरकार ने तत्काल स्वतंत्रता देने की घोषणा कर दी थी।
-
D.
कांग्रेस और मुस्लिम लीग दोनों ने बिना चर्चा प्रस्ताव स्वीकार कर लिए।
सही उत्तर:
A
— भारतीय नेताओं को लगा कि प्रस्तावों में वास्तविक सत्ता हस्तांतरण का अभाव था।
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन भविष्य में संवैधानिक व्यवस्था का आश्वासन देता था, परंतु तत्काल उत्तरदायी सरकार और वास्तविक सत्ता हस्तांतरण का अभाव था। इसी कारण कांग्रेस तथा अन्य दलों ने इसे अस्वीकार कर दिया। गांधीजी ने क्रिप्स प्रस्ताव को “a post-dated cheque on a crashing bank” कहा था।
प्रश्न 3: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधीवादी राष्ट्रीय आंदोलन की ऐतिहासिक सीमा को सबसे बेहतर दर्शाता है?
-
A.
इसने किसानों और मजदूरों को राजनीति से दूर रखा।
-
B.
विभिन्न सामाजिक समूहों की अपेक्षाओं और आंदोलन की अहिंसक अनुशासन-रेखा के बीच तनाव मौजूद था।
✓
-
C.
इसने जनसहभागिता समाप्त कर दी।
-
D.
इसने केवल संवैधानिक राजनीति को महत्व दिया।
सही उत्तर:
B
— विभिन्न सामाजिक समूहों की अपेक्षाओं और आंदोलन की अहिंसक अनुशासन-रेखा के बीच तनाव मौजूद था।
व्याख्या (Explanation):कई बार स्थानीय जनआक्रोश और गांधीवादी अनुशासन के बीच तनाव दिखाई दिया, जैसे चौरी-चौरा घटना में। गांधीजी जनसंघर्ष को नैतिक नियंत्रण के भीतर रखना चाहते थे।
प्रश्न 4: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधीवादी आंदोलन ने भारतीय राजनीति में नैतिक वैधता को महत्वपूर्ण बनाया। (2) गांधीजी ने जनसहभागिता को राष्ट्रीय आंदोलन की केंद्रीय शक्ति बनाया। (3) गांधीवादी राजनीति ने केवल औपनिवेशिक सत्ता परिवर्तन पर बल दिया और सामाजिक प्रश्नों की उपेक्षा की।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधीवादी राजनीति सामाजिक सुधार, नैतिकता और जनसहभागिता तीनों को जोड़ती थी। अस्पृश्यता उन्मूलन और ग्राम स्वराज गांधीवादी कार्यक्रम के महत्वपूर्ण भाग थे।
प्रश्न 5: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना की संवैधानिक जटिलता को दर्शाता है?
-
A.
इसने एक कमजोर केंद्र और शक्तिशाली प्रांतों के बीच संतुलन बनाने का प्रयास किया।
✓
-
B.
इसने पूर्ण केंद्रीकृत शासन लागू करने का प्रस्ताव रखा।
-
C.
इसने संविधान सभा को समाप्त करने की सिफारिश की।
-
D.
इसने तत्काल पाकिस्तान निर्माण स्वीकार कर लिया।
सही उत्तर:
A
— इसने एक कमजोर केंद्र और शक्तिशाली प्रांतों के बीच संतुलन बनाने का प्रयास किया।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन योजना ने संघीय ढाँचे के माध्यम से भारतीय एकता बनाए रखने का प्रयास किया। समूह व्यवस्था योजना का सबसे विवादास्पद भाग थी। केंद्र को सीमित विषय ही दिए गए थे।
प्रश्न 6: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन भारत छोड़ो आंदोलन की विशिष्टता को सबसे सटीक रूप में व्यक्त करता है?
-
A.
यह केवल कांग्रेस नेतृत्व द्वारा संचालित सीमित आंदोलन था।
-
B.
इसमें जनता की स्वतःस्फूर्त भागीदारी नगण्य थी।
-
C.
यह व्यापक जनप्रतिरोध और भूमिगत गतिविधियों का मिश्रण बन गया।
✓
-
D.
ब्रिटिश प्रशासन ने इसे शांतिपूर्वक स्वीकार किया।
सही उत्तर:
C
— यह व्यापक जनप्रतिरोध और भूमिगत गतिविधियों का मिश्रण बन गया।
व्याख्या (Explanation):भारत छोड़ो आंदोलन में भूमिगत रेडियो, समानांतर सरकारें और व्यापक जनविद्रोह महत्वपूर्ण विशेषताएँ थीं। सतारा और तामलुक में समानांतर प्रशासन स्थापित हुए। आंदोलन अत्यंत व्यापक था।
प्रश्न 7: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) पूना पैक्ट ने पृथक निर्वाचन के स्थान पर संयुक्त निर्वाचन को स्वीकार किया। (2) इस समझौते में दलितों के लिए आरक्षित सीटों की संख्या बढ़ाई गई। (3) डॉ. अंबेडकर पृथक निर्वाचन की अवधारणा के प्रारंभिक समर्थक थे।
-
A.
केवल 1 और 2
-
B.
1, 2 और 3
✓
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
केवल 1 और 3
सही उत्तर:
B
— 1, 2 और 3
व्याख्या (Explanation):तीनों कथन सही हैं। पूना पैक्ट ने संयुक्त निर्वाचन के भीतर दलित आरक्षण का प्रावधान किया। यह समझौता कम्युनल अवॉर्ड की पृष्ठभूमि में हुआ था। कोई भी कथन तथ्यात्मक रूप से गलत नहीं है।
प्रश्न 8: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गोलमेज सम्मेलनों की विफलता के कारण को सबसे बेहतर दर्शाता है?
-
A.
ब्रिटिश सरकार ने कांग्रेस को आमंत्रित ही नहीं किया।
-
B.
भारतीय नेताओं ने संवैधानिक सुधारों का विरोध किया।
-
C.
कांग्रेस और मुस्लिम लीग के बीच कोई मतभेद नहीं था।
-
D.
प्रतिनिधित्व, संघीय ढाँचे और सांप्रदायिक प्रश्नों पर सहमति नहीं बन सकी।
✓
सही उत्तर:
D
— प्रतिनिधित्व, संघीय ढाँचे और सांप्रदायिक प्रश्नों पर सहमति नहीं बन सकी।
व्याख्या (Explanation):गोलमेज सम्मेलनों की सबसे बड़ी समस्या सांप्रदायिक प्रतिनिधित्व और संघीय संरचना पर असहमति थी। द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में अल्पसंख्यक प्रश्न सबसे विवादास्पद मुद्दा था। कांग्रेस ने द्वितीय सम्मेलन में भाग लिया था।
प्रश्न 9: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन असहयोग आंदोलन और सविनय अवज्ञा आंदोलन के बीच मूलभूत अंतर को सबसे सही रूप में दर्शाता है?
-
A.
असहयोग आंदोलन में सहयोग वापस लिया गया, जबकि सविनय अवज्ञा आंदोलन में कानूनों का प्रत्यक्ष उल्लंघन किया गया।
✓
-
B.
दोनों आंदोलनों में कोई वैचारिक अंतर नहीं था।
-
C.
सविनय अवज्ञा आंदोलन केवल शहरी क्षेत्रों तक सीमित था।
-
D.
असहयोग आंदोलन में जनभागीदारी नहीं थी।
सही उत्तर:
A
— असहयोग आंदोलन में सहयोग वापस लिया गया, जबकि सविनय अवज्ञा आंदोलन में कानूनों का प्रत्यक्ष उल्लंघन किया गया।
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन का केंद्र औपनिवेशिक संस्थाओं का बहिष्कार था, जबकि सविनय अवज्ञा आंदोलन में अन्यायपूर्ण कानूनों का उल्लंघन भी शामिल था। नमक कानून उल्लंघन इसका प्रमुख उदाहरण था। दोनों आंदोलनों में व्यापक जनभागीदारी थी।
प्रश्न 10: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधीवादी राजनीति में “अहिंसा” केवल रणनीतिक साधन नहीं बल्कि नैतिक सिद्धांत भी थी। (2) गांधीजी के अनुसार साधनों की शुद्धता, साध्य की शुद्धता जितनी ही महत्वपूर्ण थी। (3) भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान गांधीजी ने सशस्त्र संघर्ष का समर्थन किया।
-
A.
केवल 1 और 3
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने अहिंसा को नैतिक और राजनीतिक दोनों स्तरों पर केंद्रीय महत्व दिया। उन्होंने सशस्त्र संघर्ष का समर्थन नहीं किया। गांधीवादी दर्शन में “साधन और साध्य” की एकता अत्यंत महत्वपूर्ण थी।
प्रश्न 11: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधी युग के राष्ट्रीय आंदोलन की दीर्घकालिक ऐतिहासिक विरासत को सबसे बेहतर दर्शाता है?
-
A.
इसने भारतीय राजनीति को केवल शिक्षित अभिजात वर्ग तक सीमित रखा।
-
B.
इसने औपनिवेशिक शासन को केवल सैन्य चुनौती दी।
-
C.
इसने जनसहभागिता को अस्थायी राजनीतिक साधन बनाया।
-
D.
इसने भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन को व्यापक जनाधारित और नैतिक वैधता वाला संघर्ष बनाया।
✓
सही उत्तर:
D
— इसने भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन को व्यापक जनाधारित और नैतिक वैधता वाला संघर्ष बनाया।
व्याख्या (Explanation):गांधी युग में राष्ट्रीय आंदोलन पहली बार व्यापक जनसहभागिता, नैतिक राजनीति और अहिंसक संघर्ष पर आधारित बना। गांधीवादी पद्धतियों का प्रभाव विश्वभर के कई आंदोलनों पर पड़ा। आंदोलन केवल अभिजात वर्ग तक सीमित नहीं रहा।
प्रश्न 12: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रिप्स मिशन की सीमाओं को सर्वाधिक सटीक रूप में व्यक्त करता है?
-
A.
इसमें तत्काल सत्ता हस्तांतरण और वास्तविक उत्तरदायी सरकार का अभाव था।
✓
-
B.
इसने संविधान सभा की अवधारणा को अस्वीकार किया।
-
C.
इसने कांग्रेस को पूर्णतः संतुष्ट कर दिया।
-
D.
इसमें ब्रिटिश नियंत्रण समाप्त करने का स्पष्ट प्रस्ताव था।
सही उत्तर:
A
— इसमें तत्काल सत्ता हस्तांतरण और वास्तविक उत्तरदायी सरकार का अभाव था।
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन भविष्य के संवैधानिक आश्वासन देता था, तत्काल राजनीतिक शक्ति नहीं। गांधीजी ने इसे “a post-dated cheque on a crashing bank” कहा था। कांग्रेस ने प्रस्ताव अस्वीकार कर दिए थे।
प्रश्न 13: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधीवादी आंदोलनों की प्रकृति को सही रूप में दर्शाता है?
-
A.
वे केवल आर्थिक सुधारों तक सीमित थे।
-
B.
उनका उद्देश्य केवल संवैधानिक सुधार प्राप्त करना था।
-
C.
वे नैतिकता, जनसहभागिता और राजनीतिक प्रतिरोध का संयोजन थे।
✓
-
D.
वे मुख्यतः गुप्त क्रांतिकारी गतिविधियों पर आधारित थे।
सही उत्तर:
C
— वे नैतिकता, जनसहभागिता और राजनीतिक प्रतिरोध का संयोजन थे।
व्याख्या (Explanation):गांधीवादी आंदोलन राजनीतिक संघर्ष के साथ नैतिकता और जनभागीदारी को जोड़ते थे। गांधीजी ने साधन और साध्य दोनों की शुद्धता पर बल दिया। गांधीवादी राजनीति सार्वजनिक जनआंदोलन पर आधारित थी।
प्रश्न 14: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधीजी और डॉ. भीमराव अंबेडकर के बीच वैचारिक मतभेद को सबसे बेहतर रूप में दर्शाता है?
-
A.
दोनों पृथक निर्वाचन के प्रबल समर्थक थे।
-
B.
दोनों जाति प्रश्न को केवल आर्थिक समस्या मानते थे।
-
C.
दोनों ब्रिटिश शासन के स्थायी समर्थक थे।
-
D.
सामाजिक प्रतिनिधित्व और हिंदू समाज की एकता के प्रश्न पर दोनों के दृष्टिकोण अलग थे।
✓
सही उत्तर:
D
— सामाजिक प्रतिनिधित्व और हिंदू समाज की एकता के प्रश्न पर दोनों के दृष्टिकोण अलग थे।
व्याख्या (Explanation):डॉ. अंबेडकर दलितों के राजनीतिक प्रतिनिधित्व और सामाजिक न्याय को प्राथमिकता देते थे, जबकि गांधीजी हिंदू समाज की एकता बनाए रखने और सामाजिक सुधार पर बल देते थे। इसी मतभेद का प्रमुख रूप पृथक निर्वाचन के प्रश्न पर दिखाई दिया। पूना पैक्ट (1932) गांधी–अंबेडकर वैचारिक मतभेद की महत्वपूर्ण परिणति था। गांधीजी पृथक निर्वाचन के विरोधी थे।
प्रश्न 15: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना की ऐतिहासिक भूमिका को सबसे सटीक रूप में व्यक्त करता है?
-
A.
इसने स्वतंत्र भारत की संवैधानिक संरचना के लिए आधार प्रदान किया।
✓
-
B.
इसने तत्काल विभाजन लागू कर दिया।
-
C.
इसने संविधान सभा को अस्वीकार किया।
-
D.
इसने सभी प्रांतीय स्वायत्तता समाप्त कर दी।
सही उत्तर:
A
— इसने स्वतंत्र भारत की संवैधानिक संरचना के लिए आधार प्रदान किया।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन योजना के आधार पर संविधान सभा गठित हुई जिसने भारतीय संविधान बनाया। योजना संयुक्त भारत बनाए रखने का प्रयास थी। संविधान सभा वास्तव में इसका केंद्रीय तत्व थी।
प्रश्न 16: भारत छोड़ो आंदोलन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त है?
-
A.
यह पूर्णतः पूर्व-नियोजित क्रांतिकारी विद्रोह था।
-
B.
इसने नेतृत्व की अनुपस्थिति में भी जनआंदोलन की क्षमता प्रदर्शित की।
✓
-
C.
यह केवल शहरी छात्रों तक सीमित रहा।
-
D.
इसका ब्रिटिश प्रशासन पर कोई प्रभाव नहीं पड़ा।
सही उत्तर:
B
— इसने नेतृत्व की अनुपस्थिति में भी जनआंदोलन की क्षमता प्रदर्शित की।
व्याख्या (Explanation):नेताओं की गिरफ्तारी के बावजूद आंदोलन व्यापक जनविद्रोह के रूप में जारी रहा। भूमिगत नेटवर्क और समानांतर सरकारें इसकी विशेषता थीं। आंदोलन केवल छात्रों तक सीमित नहीं था।
प्रश्न 17: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में कांग्रेस और डॉ. अंबेडकर के बीच प्रतिनिधित्व के प्रश्न पर मतभेद उभरे। (2) पूना पैक्ट गोलमेज सम्मेलन के बाद की राजनीतिक प्रक्रिया से जुड़ा था। (3) गांधीजी ने पृथक निर्वाचन की अवधारणा का समर्थन किया था।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में विशेष रूप से दलित प्रतिनिधित्व और पृथक निर्वाचन के प्रश्न पर गांधीजी और डॉ. अंबेडकर के बीच गंभीर मतभेद उभरे। पूना पैक्ट (1932) इसी विवाद की राजनीतिक परिणति था। गांधीजी दलितों के लिए पृथक निर्वाचन के विरोधी थे। पूना पैक्ट, कम्युनल अवॉर्ड की पृष्ठभूमि में हुआ।
प्रश्न 18: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन नमक सत्याग्रह की प्रतीकात्मक शक्ति को सबसे बेहतर रूप में दर्शाता है?
-
A.
इसने दैनिक जीवन से जुड़े मुद्दे को राष्ट्रीय प्रतिरोध का माध्यम बनाया।
✓
-
B.
यह केवल तटीय क्षेत्रों तक सीमित आंदोलन था।
-
C.
इसका प्रभाव केवल व्यापारिक वर्ग तक सीमित रहा।
-
D.
इसका उद्देश्य केवल नमक उत्पादन बढ़ाना था।
सही उत्तर:
A
— इसने दैनिक जीवन से जुड़े मुद्दे को राष्ट्रीय प्रतिरोध का माध्यम बनाया।
व्याख्या (Explanation):नमक जैसे सामान्य उपभोग की वस्तु को चुनकर गांधीजी ने आंदोलन को जनसामान्य से जोड़ दिया। नमक कर गरीबों पर असमान रूप से प्रभाव डालता था।
प्रश्न 19: असहयोग आंदोलन की वापसी के बाद उत्पन्न राजनीतिक परिस्थिति के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
कांग्रेस पूरी तरह निष्क्रिय हो गई।
-
B.
गांधीजी ने संवैधानिक राजनीति को स्थायी रूप से अस्वीकार कर दिया।
-
C.
ब्रिटिश सरकार ने तुरंत पूर्ण स्वराज्य दे दिया।
-
D.
कांग्रेस के भीतर परिषद प्रवेश को लेकर वैचारिक मतभेद उभरे।
✓
सही उत्तर:
D
— कांग्रेस के भीतर परिषद प्रवेश को लेकर वैचारिक मतभेद उभरे।
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन की वापसी के बाद स्वराज पार्टी का गठन परिषदों में प्रवेश की रणनीति के समर्थन में हुआ। सी. आर. दास और मोतीलाल नेहरू स्वराज पार्टी के प्रमुख नेता थे।
प्रश्न 20: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधीजी की राजनीति में “सत्याग्रह” केवल राजनीतिक रणनीति नहीं बल्कि नैतिक दर्शन भी था। (2) गांधीजी औपनिवेशिक कानूनों का विरोध केवल तब करते थे जब वे आर्थिक रूप से हानिकारक हों। (3) सविनय अवज्ञा आंदोलन में कानून उल्लंघन को नैतिक प्रतिरोध का माध्यम माना गया।
-
A.
केवल 1 और 2
-
B.
केवल 1 और 3
✓
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
B
— केवल 1 और 3
व्याख्या (Explanation):गांधीजी केवल आर्थिक मुद्दों तक सीमित नहीं थे; वे नैतिक अन्याय के विरुद्ध भी संघर्ष करते थे। गांधीवादी सत्याग्रह “सत्य” और “अहिंसा” के सिद्धांतों पर आधारित था।
प्रश्न 21: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रिप्स मिशन और कैबिनेट मिशन की तुलनात्मक ऐतिहासिक भूमिका को सबसे सटीक रूप में दर्शाता है?
-
A.
दोनों मिशनों ने तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता प्रदान की।
-
B.
दोनों मिशनों ने भारतीय विभाजन को अंतिम रूप दिया।
-
C.
क्रिप्स मिशन अधिक व्यावहारिक था जबकि कैबिनेट मिशन प्रतीकात्मक था।
-
D.
क्रिप्स मिशन ने संवैधानिक आश्वासन दिए, जबकि कैबिनेट मिशन ने संवैधानिक संरचना का विस्तृत खाका प्रस्तुत किया।
✓
सही उत्तर:
D
— क्रिप्स मिशन ने संवैधानिक आश्वासन दिए, जबकि कैबिनेट मिशन ने संवैधानिक संरचना का विस्तृत खाका प्रस्तुत किया।
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन मुख्यतः युद्धकालीन राजनीतिक आश्वासन था, जबकि कैबिनेट मिशन ने संविधान सभा और संघीय व्यवस्था की विस्तृत योजना दी। भारतीय संविधान सभा का गठन अंततः कैबिनेट मिशन योजना के आधार पर हुआ।
प्रश्न 22: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधीवादी राजनीति की दीर्घकालिक विरासत को सबसे बेहतर रूप में व्यक्त करता है?
-
A.
इसने भारतीय राजनीति में जनसहभागिता और नैतिक वैधता को केंद्रीय महत्व दिया।
✓
-
B.
इसने भारतीय राजनीति को केवल अभिजात नेतृत्व तक सीमित रखा।
-
C.
इसने गुप्त क्रांतिकारी हिंसा को राष्ट्रीय आंदोलन की मुख्य रणनीति बनाया।
-
D.
इसने ग्रामीण समाज को राष्ट्रीय आंदोलन से अलग रखा।
सही उत्तर:
A
— इसने भारतीय राजनीति में जनसहभागिता और नैतिक वैधता को केंद्रीय महत्व दिया।
व्याख्या (Explanation):गांधीवादी राजनीति ने जनांदोलन, अहिंसा और नैतिकता को भारतीय राजनीति का स्थायी तत्व बना दिया। बाद के कई सामाजिक आंदोलनों ने गांधीवादी तरीकों से प्रेरणा ली। गांधीजी ने ग्रामीण भारत को राजनीति के केंद्र में रखा।
प्रश्न 23: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना की अंतर्निहित जटिलता को सही रूप में दर्शाता है?
-
A.
इसने पूर्ण केंद्रीकृत एकात्मक राज्य का प्रस्ताव रखा।
-
B.
इसने भारत की एकता बनाए रखते हुए प्रांतीय स्वायत्तता को समायोजित करने का प्रयास किया।
✓
-
C.
इसने पाकिस्तान को तुरंत स्वतंत्र राष्ट्र के रूप में स्वीकार किया।
-
D.
इसने संविधान सभा की अवधारणा को अस्वीकार कर दिया।
सही उत्तर:
B
— इसने भारत की एकता बनाए रखते हुए प्रांतीय स्वायत्तता को समायोजित करने का प्रयास किया।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन योजना का उद्देश्य संघीय ढाँचे के माध्यम से एकता और विविधता के बीच संतुलन बनाना था। समूह व्यवस्था कांग्रेस और मुस्लिम लीग के बीच विवाद का मुख्य कारण बनी। योजना ने संविधान सभा का स्पष्ट प्रावधान दिया था।
प्रश्न 24: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) पूना पैक्ट (2) गांधी-इरविन समझौता (3) भारत छोड़ो आंदोलन (4) क्रिप्स मिशन
-
A.
1-2-4-3
-
B.
2-1-3-4
-
C.
2-1-4-3
✓
-
D.
1-2-3-4
सही उत्तर:
C
— 2-1-4-3
व्याख्या (Explanation):सही कालक्रम है: गांधी-इरविन समझौता (मार्च 1931) → पूना पैक्ट (सितंबर 1932) → क्रिप्स मिशन (मार्च 1942) → भारत छोड़ो आंदोलन (अगस्त 1942)। क्रिप्स मिशन की विफलता भारत छोड़ो आंदोलन की तत्काल पृष्ठभूमि बनी।
प्रश्न 25: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन भारत छोड़ो आंदोलन के ऐतिहासिक महत्व को सबसे बेहतर दर्शाता है?
-
A.
इसने ब्रिटिश शासन को तुरंत समाप्त कर दिया।
-
B.
यह पूर्णतः नियंत्रित और केंद्रीकृत आंदोलन था।
-
C.
इसमें जनता की भागीदारी सीमित रही।
-
D.
इसने यह स्पष्ट कर दिया कि भारत पर ब्रिटिश शासन लंबे समय तक बनाए रखना संभव नहीं था।
✓
सही उत्तर:
D
— इसने यह स्पष्ट कर दिया कि भारत पर ब्रिटिश शासन लंबे समय तक बनाए रखना संभव नहीं था।
व्याख्या (Explanation):भारत छोड़ो आंदोलन ने ब्रिटिश शासन की प्रशासनिक और राजनीतिक वैधता को गंभीर चुनौती दी। युद्धोत्तर ब्रिटिश नीति में सत्ता हस्तांतरण की आवश्यकता अधिक स्पष्ट हुई।
प्रश्न 26: पूना पैक्ट के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सर्वाधिक उपयुक्त है?
-
A.
इसने सामाजिक प्रतिनिधित्व और राष्ट्रीय एकता के बीच संतुलन बनाने का प्रयास किया।
✓
-
B.
इसने पृथक निर्वाचन की अवधारणा को सभी समुदायों के लिए समाप्त कर दिया।
-
C.
इसने मुस्लिम लीग की राजनीतिक मांगों को स्वीकार किया।
-
D.
इसने ब्रिटिश सरकार को भारत छोड़ने के लिए बाध्य किया।
सही उत्तर:
A
— इसने सामाजिक प्रतिनिधित्व और राष्ट्रीय एकता के बीच संतुलन बनाने का प्रयास किया।
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट दलित प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने और हिंदू समाज के विभाजन को रोकने के बीच समझौते का प्रयास था। डॉ. अंबेडकर ने बाद में इस समझौते पर मिश्रित प्रतिक्रिया व्यक्त की थी।
प्रश्न 27: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधी-इरविन समझौते ने कांग्रेस को वैधानिक राजनीतिक प्रक्रिया में पुनः प्रवेश कराया। (2) द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में कांग्रेस और मुस्लिम लीग के बीच सांप्रदायिक प्रतिनिधित्व पर मतभेद उभरे। (3) गोलमेज सम्मेलन के दौरान ब्रिटिश सरकार ने पूर्ण स्वराज्य स्वीकार कर लिया।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 1 और 2
✓
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
B
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधी-इरविन समझौते (1931) के बाद कांग्रेस ने द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लिया, जिससे वह पुनः संवैधानिक वार्ता प्रक्रिया में शामिल हुई। सम्मेलन में सांप्रदायिक प्रतिनिधित्व, विशेषकर मुस्लिम लीग और अन्य अल्पसंख्यक समूहों के प्रश्न पर गंभीर मतभेद उभरे। ब्रिटिश सरकार ने पूर्ण स्वराज्य स्वीकार नहीं किया था। द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में गांधीजी कांग्रेस के एकमात्र प्रतिनिधि थे।
प्रश्न 28: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सविनय अवज्ञा आंदोलन की वैचारिक विशेषता को सही रूप में व्यक्त करता है?
-
A.
यह केवल आर्थिक करों के विरोध तक सीमित था।
-
B.
इसका उद्देश्य संवैधानिक सुधारों में भागीदारी बढ़ाना था।
-
C.
इसमें कांग्रेस ने जनआंदोलन की नीति छोड़ दी।
-
D.
इसमें अन्यायपूर्ण कानूनों के उल्लंघन को नैतिक अधिकार के रूप में प्रस्तुत किया गया।
✓
सही उत्तर:
D
— इसमें अन्यायपूर्ण कानूनों के उल्लंघन को नैतिक अधिकार के रूप में प्रस्तुत किया गया।
व्याख्या (Explanation):सविनय अवज्ञा आंदोलन का आधार यह विचार था कि अन्यायपूर्ण कानूनों का अहिंसक उल्लंघन नैतिक रूप से उचित है। यह विचार हेनरी डेविड थोरो की “Civil Disobedience” अवधारणा से भी प्रभावित था।
प्रश्न 29: असहयोग आंदोलन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सबसे उपयुक्त है?
-
A.
यह मुख्यतः शहरी मध्यम वर्ग तक सीमित आंदोलन था।
-
B.
इसका उद्देश्य केवल पंजाब अत्याचारों की जांच कराना था।
-
C.
इसने औपनिवेशिक शासन की प्रशासनिक संरचना को जनसहयोग से वंचित करने का प्रयास किया।
✓
-
D.
इसने भारतीयों को ब्रिटिश संस्थाओं में अधिक भागीदारी के लिए प्रेरित किया।
सही उत्तर:
C
— इसने औपनिवेशिक शासन की प्रशासनिक संरचना को जनसहयोग से वंचित करने का प्रयास किया।
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन का मूल विचार था कि ब्रिटिश शासन भारतीय सहयोग पर आधारित है; इसलिए सहयोग समाप्त कर उसकी शक्ति कमजोर की जा सकती है। गांधीजी ने इसे “अहिंसक असहयोग” कहा था।
प्रश्न 30: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधीजी के प्रारंभिक सत्याग्रहों ने औपनिवेशिक राज्य की “नैतिक वैधता” को चुनौती देने की रणनीति विकसित की। (2) चंपारण और खेड़ा आंदोलनों में गांधीजी ने स्थानीय शिकायतों को व्यापक राष्ट्रवादी विमर्श से जोड़ा। (3) गांधीजी का प्रारंभिक दृष्टिकोण वर्ग-संघर्ष की क्रांतिकारी अवधारणा पर आधारित था।
-
A.
केवल 1 और 2
✓
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 3
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
A
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधीवादी राजनीति नैतिक प्रतिरोध और सत्याग्रह पर आधारित थी, न कि वर्ग-संघर्ष की क्रांतिकारी अवधारणा पर। गांधीजी ने “सत्य” और “अहिंसा” को राजनीतिक साधन के रूप में प्रस्तुत किया।
प्रश्न 31: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रिप्स मिशन और कैबिनेट मिशन के बीच मूलभूत अंतर को सबसे सटीक रूप में दर्शाता है?
-
A.
दोनों मिशनों ने तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता का प्रस्ताव दिया।
-
B.
दोनों ने पृथक पाकिस्तान को स्वीकार किया।
-
C.
दोनों केवल युद्धकालीन प्रशासनिक सुधारों तक सीमित थे।
-
D.
कैबिनेट मिशन ने संवैधानिक संरचना का अधिक विस्तृत और व्यावहारिक प्रारूप प्रस्तुत किया।
✓
सही उत्तर:
D
— कैबिनेट मिशन ने संवैधानिक संरचना का अधिक विस्तृत और व्यावहारिक प्रारूप प्रस्तुत किया।
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन अपेक्षाकृत अस्पष्ट और भविष्य-उन्मुख प्रस्ताव था, जबकि कैबिनेट मिशन ने संविधान सभा और संघीय ढाँचे की ठोस रूपरेखा प्रस्तुत की। संविधान सभा अंततः कैबिनेट मिशन योजना के आधार पर गठित हुई। किसी भी मिशन ने तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता नहीं दी थी।
प्रश्न 32: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधीवादी राजनीति की व्यापकता को सबसे बेहतर रूप में दर्शाता है?
-
A.
गांधीजी ने नैतिकता, जनभागीदारी और राजनीतिक संघर्ष को जोड़ा।
✓
-
B.
गांधीजी ने केवल अभिजात वर्ग की राजनीति को महत्व दिया।
-
C.
गांधीवादी आंदोलन मुख्यतः गुप्त क्रांतिकारी गतिविधियों पर आधारित थे।
-
D.
गांधीजी ने ग्रामीण समस्याओं को राष्ट्रीय आंदोलन से अलग रखा।
सही उत्तर:
A
— गांधीजी ने नैतिकता, जनभागीदारी और राजनीतिक संघर्ष को जोड़ा।
व्याख्या (Explanation):गांधीवादी राजनीति ने नैतिक वैधता, अहिंसा और जनसहभागिता को राष्ट्रीय आंदोलन का आधार बनाया। गांधीजी के आंदोलनों में सामाजिक सुधार और राजनीतिक संघर्ष साथ-साथ चले। ग्रामीण भारत गांधीवादी आंदोलन का केंद्रीय आधार था।
प्रश्न 33: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना के संदर्भ में सही नहीं है?
-
A.
इसने संविधान सभा के गठन का प्रस्ताव दिया।
-
B.
इसने सीमित शक्तियों वाले केंद्र की कल्पना की।
-
C.
इसने तत्काल पूर्ण प्रभुसत्ता वाले पाकिस्तान को स्वीकार कर लिया।
✓
-
D.
इसने प्रांतों के समूह बनाने का सुझाव दिया।
सही उत्तर:
C
— इसने तत्काल पूर्ण प्रभुसत्ता वाले पाकिस्तान को स्वीकार कर लिया।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन ने पाकिस्तान की मांग को प्रत्यक्ष रूप से स्वीकार नहीं किया था। मिशन का लक्ष्य संयुक्त भारत को बनाए रखना था।
प्रश्न 34: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधीवादी आंदोलन की एक प्रमुख सीमा को सबसे बेहतर दर्शाता है?
-
A.
गांधीवादी आंदोलन ग्रामीण भारत तक नहीं पहुँचे।
-
B.
जनआंदोलन की ऊर्जा को अहिंसक अनुशासन में बनाए रखना कठिन था।
✓
-
C.
कांग्रेस ने किसानों और मजदूरों को आंदोलन से बाहर रखा।
-
D.
गांधीजी जनभागीदारी के विरोधी थे।
सही उत्तर:
B
— जनआंदोलन की ऊर्जा को अहिंसक अनुशासन में बनाए रखना कठिन था।
व्याख्या (Explanation):चौरी-चौरा जैसी घटनाएँ दिखाती हैं कि व्यापक जनआक्रोश को पूर्णतः अहिंसक बनाए रखना चुनौतीपूर्ण था। गांधीजी ने नैतिक अनुशासन को आंदोलन का मूल तत्व माना। गांधीवादी आंदोलन ग्रामीण भारत में व्यापक रूप से फैले थे।
प्रश्न 35: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन भारत छोड़ो आंदोलन की प्रकृति को सर्वाधिक सटीक रूप से दर्शाता है?
-
A.
यह नेतृत्वहीन परिस्थितियों में विकसित जनविद्रोह का रूप ले बैठा।
✓
-
B.
यह केवल कांग्रेस कार्यसमिति तक सीमित रहा।
-
C.
इसमें ब्रिटिश प्रशासन ने न्यूनतम दमन किया।
-
D.
यह पूर्णतः पूर्व-नियोजित सशस्त्र क्रांति थी।
सही उत्तर:
A
— यह नेतृत्वहीन परिस्थितियों में विकसित जनविद्रोह का रूप ले बैठा।
व्याख्या (Explanation):प्रमुख नेताओं की गिरफ्तारी के बाद आंदोलन स्वतःस्फूर्त जनप्रतिरोध के रूप में विकसित हुआ। कई क्षेत्रों में समानांतर प्रशासनिक संरचनाएँ उभरीं।
प्रश्न 36: पूना पैक्ट के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
इसने पृथक मुस्लिम निर्वाचन समाप्त किए।
-
B.
इसने संयुक्त निर्वाचन के साथ दलित आरक्षण का प्रावधान किया।
✓
-
C.
इसने कैबिनेट मिशन योजना को स्वीकार किया।
-
D.
यह गांधीजी और जिन्ना के बीच समझौता था।
सही उत्तर:
B
— इसने संयुक्त निर्वाचन के साथ दलित आरक्षण का प्रावधान किया।
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट ने पृथक निर्वाचन के स्थान पर संयुक्त निर्वाचन में आरक्षित सीटों की व्यवस्था की। यह समझौता 1932 में गांधीजी और डॉ. अंबेडकर के बीच हुआ।
प्रश्न 37: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधी-इरविन समझौते ने कांग्रेस को संवैधानिक वार्ता प्रक्रिया में पुनः शामिल किया। (2) द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में सांप्रदायिक प्रश्न प्रमुख विवाद बना। (3) गोलमेज सम्मेलनों में कांग्रेस का प्रतिनिधित्व हमेशा बहु-सदस्यीय था।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 1 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में गांधीजी कांग्रेस के एकमात्र प्रतिनिधि थे, इसलिए कथन 3 गलत है। अल्पसंख्यक प्रतिनिधित्व का प्रश्न सम्मेलन की विफलता का प्रमुख कारण बना।
प्रश्न 38: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सविनय अवज्ञा आंदोलन के राजनीतिक महत्व को दर्शाता है?
-
A.
इसने औपनिवेशिक कानूनों की नैतिक वैधता को चुनौती दी।
✓
-
B.
इसने कांग्रेस को केवल शहरी वर्ग तक सीमित कर दिया।
-
C.
इसने भारत में द्वैध शासन लागू किया।
-
D.
इसने पृथक निर्वाचन की मांग को समाप्त कर दिया।
सही उत्तर:
A
— इसने औपनिवेशिक कानूनों की नैतिक वैधता को चुनौती दी।
व्याख्या (Explanation):सविनय अवज्ञा आंदोलन में अन्यायपूर्ण कानूनों के उल्लंघन द्वारा औपनिवेशिक शासन की नैतिकता को चुनौती दी गई। नमक कानून का उल्लंघन इसका प्रतीकात्मक केंद्र था।
प्रश्न 39: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन असहयोग आंदोलन की ऐतिहासिक विशेषता को सबसे सटीक रूप में व्यक्त करता है?
-
A.
इसने पहली बार क्रांतिकारी हिंसा को कांग्रेस की नीति बनाया।
-
B.
यह केवल संवैधानिक सुधारों तक सीमित आंदोलन था।
-
C.
इसका मुख्य उद्देश्य केवल पंजाब के अत्याचारों का विरोध था।
-
D.
इसने औपनिवेशिक शासन के साथ सहयोग समाप्त करने की व्यापक रणनीति प्रस्तुत की।
✓
सही उत्तर:
D
— इसने औपनिवेशिक शासन के साथ सहयोग समाप्त करने की व्यापक रणनीति प्रस्तुत की।
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन का मूल सिद्धांत ब्रिटिश शासन को सहयोग न देकर उसकी प्रशासनिक वैधता कमजोर करना था। गांधीजी ने इसे “शांतिपूर्ण असहयोग” कहा था।
प्रश्न 40: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधीजी के प्रारंभिक आंदोलनों ने सत्याग्रह को भारतीय ग्रामीण समाज से जोड़ा। (2) चंपारण और खेड़ा आंदोलनों में किसानों की शिकायतें मुख्यतः औपनिवेशिक आर्थिक नीतियों से जुड़ी थीं। (3) अहमदाबाद मिल हड़ताल में गांधीजी ने वर्ग-संघर्ष की मार्क्सवादी अवधारणा को स्वीकार किया।
-
A.
केवल 1 और 3
-
B.
केवल 1 और 2
✓
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
B
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने वर्ग-संघर्ष के बजाय वर्ग-सहयोग और नैतिक मध्यस्थता पर बल दिया। अहमदाबाद आंदोलन में गांधीजी ने श्रमिकों और मिल मालिकों के बीच समझौते की कोशिश की।
प्रश्न 41: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधी युग की राजनीति के बारे में सबसे उपयुक्त है?
-
A.
गांधीजी ने स्थानीय संघर्षों को राष्ट्रीय राजनीति से जोड़ा।
✓
-
B.
गांधीजी केवल संवैधानिक सुधारों तक सीमित रहे।
-
C.
गांधीजी ने जनांदोलन की अपेक्षा गुप्त क्रांति को प्राथमिकता दी।
-
D.
गांधीजी ने ग्रामीण भारत को राजनीतिक प्रक्रिया से दूर रखा।
सही उत्तर:
A
— गांधीजी ने स्थानीय संघर्षों को राष्ट्रीय राजनीति से जोड़ा।
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने चंपारण, खेड़ा, असहयोग तथा नमक सत्याग्रह जैसे आंदोलनों के माध्यम से स्थानीय सामाजिक-आर्थिक मुद्दों को राष्ट्रीय स्वतंत्रता आंदोलन से जोड़ा। गांधीवादी राजनीति ने कांग्रेस को अभिजात संगठन से व्यापक जनआंदोलन में परिवर्तित किया।
प्रश्न 42: भारत छोड़ो आंदोलन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
यह आंदोलन नेतृत्व की गिरफ्तारी के बावजूद जारी रहा।
✓
-
B.
यह केवल कांग्रेस कार्यकर्ताओं तक सीमित रहा।
-
C.
इसमें भूमिगत प्रेस और रेडियो का उपयोग नहीं हुआ।
-
D.
ब्रिटिश सरकार ने इसे शांतिपूर्वक स्वीकार कर लिया।
सही उत्तर:
A
— यह आंदोलन नेतृत्व की गिरफ्तारी के बावजूद जारी रहा।
व्याख्या (Explanation):नेताओं की गिरफ्तारी के बाद भी जनता और भूमिगत नेटवर्क ने आंदोलन जारी रखा। “कांग्रेस रेडियो” भूमिगत संचार का महत्वपूर्ण माध्यम बना।
प्रश्न 43: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना की जटिलता को दर्शाता है?
-
A.
इसने भारत के तत्काल विभाजन को अनिवार्य किया।
-
B.
इसने प्रांतों और केंद्र के बीच शक्ति संतुलन स्थापित करने का प्रयास किया।
✓
-
C.
इसने देशी रियासतों को पूर्ण स्वतंत्रता प्रदान की।
-
D.
इसने कांग्रेस और मुस्लिम लीग को समाप्त करने का प्रस्ताव रखा।
सही उत्तर:
B
— इसने प्रांतों और केंद्र के बीच शक्ति संतुलन स्थापित करने का प्रयास किया।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन योजना ने सीमित केंद्र और शक्तिशाली प्रांतों के बीच संतुलन बनाने का प्रयास किया। समूह व्यवस्था योजना का सबसे विवादास्पद भाग थी।
प्रश्न 44: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान कई क्षेत्रों में समानांतर सरकारें स्थापित हुईं। (2) इन समानांतर सरकारों ने स्थानीय प्रशासनिक कार्य भी संचालित किए। (3) ब्रिटिश सरकार ने इन समानांतर व्यवस्थाओं को वैधानिक मान्यता दी थी।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 1 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):सतारा (महाराष्ट्र), तामलुक (बंगाल) आदि क्षेत्रों में समानांतर सरकारें स्थापित हुईं जिन्होंने स्थानीय प्रशासनिक कार्य भी संचालित किए। ब्रिटिश सरकार ने इन्हें मान्यता नहीं दी। सतारा की ‘प्रति सरकार’ प्रसिद्ध उदाहरण थी।
प्रश्न 45: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन पूना पैक्ट के दीर्घकालिक प्रभाव को दर्शाता है?
-
A.
इसने प्रतिनिधित्व और सामाजिक न्याय के प्रश्न को भारतीय राजनीति में अधिक महत्व दिया।
✓
-
B.
इसने पृथक निर्वाचन को सभी वर्गों के लिए समाप्त कर दिया।
-
C.
इससे मुस्लिम लीग कमजोर हो गई।
-
D.
इससे गोलमेज सम्मेलन समाप्त हो गए।
सही उत्तर:
A
— इसने प्रतिनिधित्व और सामाजिक न्याय के प्रश्न को भारतीय राजनीति में अधिक महत्व दिया।
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट ने प्रतिनिधित्व और सामाजिक न्याय के प्रश्न को भारतीय राजनीति में स्थायी महत्व दिया। आरक्षण संबंधी बहसों की ऐतिहासिक पृष्ठभूमि में इसका उल्लेख महत्वपूर्ण है। यह केवल दलित प्रतिनिधित्व से संबंधित था।
प्रश्न 46: गांधीजी द्वारा खिलाफत आंदोलन को समर्थन देने के पीछे प्रमुख राजनीतिक उद्देश्य क्या था?
-
A.
तुर्की में लोकतंत्र स्थापित करना
-
B.
ब्रिटेन को प्रथम विश्व युद्ध में समर्थन देना
-
C.
व्यापक हिंदू-मुस्लिम एकता स्थापित करना
✓
-
D.
मुस्लिम लीग को समाप्त करना
सही उत्तर:
C
— व्यापक हिंदू-मुस्लिम एकता स्थापित करना
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने राष्ट्रीय आंदोलन को व्यापक जनाधार देने और हिंदू-मुस्लिम एकता मजबूत करने के लिए खिलाफत का समर्थन किया। यह कांग्रेस और मुस्लिम नेतृत्व के सहयोग का महत्वपूर्ण चरण था। आंदोलन का उद्देश्य तुर्की की आंतरिक राजनीति नहीं था।
प्रश्न 47: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) सविनय अवज्ञा आंदोलन के दौरान महिलाओं की भागीदारी असहयोग आंदोलन की तुलना में अधिक थी। (2) नमक सत्याग्रह ने औपनिवेशिक कराधान की वैधता को चुनौती दी। (3) गांधी-इरविन समझौते के बाद सविनय अवज्ञा आंदोलन स्थायी रूप से समाप्त हो गया।
-
A.
केवल 1 और 3
-
B.
केवल 1 और 2
✓
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
B
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधी-इरविन समझौते के बाद आंदोलन अस्थायी रूप से स्थगित हुआ था, स्थायी रूप से समाप्त नहीं। कमलादेवी चट्टोपाध्याय और अवंतिकाबाई गोखले जैसी महिलाओं ने सक्रिय भागीदारी की।
प्रश्न 48: निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म सही सुमेलित नहीं है?
-
A.
धरसाना सत्याग्रह — सरोजिनी नायडू
-
B.
पूना पैक्ट — यरवदा जेल
-
C.
खिलाफत आंदोलन — अली बंधु
-
D.
क्रिप्स मिशन — तत्काल उत्तरदायी सरकार
✓
सही उत्तर:
D
— क्रिप्स मिशन — तत्काल उत्तरदायी सरकार
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन ने तत्काल उत्तरदायी सरकार का प्रस्ताव नहीं दिया था; यही इसकी अस्वीकृति का प्रमुख कारण था। अन्य युग्म सही हैं।
प्रश्न 49: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन असहयोग आंदोलन की सीमाओं को दर्शाता है?
-
A.
आंदोलन ग्रामीण असंतोष को पूर्णतः नियंत्रित नहीं कर सका।
✓
-
B.
इसमें किसानों और मजदूरों की भागीदारी नहीं थी।
-
C.
आंदोलन केवल शिक्षित वर्ग तक सीमित रहा।
-
D.
कांग्रेस ने अहिंसा को अस्वीकार कर दिया था।
सही उत्तर:
A
— आंदोलन ग्रामीण असंतोष को पूर्णतः नियंत्रित नहीं कर सका।
व्याख्या (Explanation):कई क्षेत्रों में स्थानीय असंतोष हिंसात्मक रूप ले बैठा, जिसका उदाहरण चौरी-चौरा घटना है। गांधीजी जनआंदोलन को नैतिक अनुशासन से जोड़कर देखते थे।
प्रश्न 50: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधीजी ने चंपारण में केवल आर्थिक मुद्दों तक स्वयं को सीमित नहीं रखा। (2) चंपारण आंदोलन के दौरान शिक्षा और स्वच्छता पर भी कार्य किया गया। (3) चंपारण सत्याग्रह का उद्देश्य ब्रिटिश शासन को तत्काल समाप्त करना था।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने चंपारण में सामाजिक सुधार, शिक्षा और स्वच्छता पर भी ध्यान दिया। आंदोलन का उद्देश्य तत्काल स्वतंत्रता नहीं था। महादेव देसाई और कस्तूरबा गांधी ने भी सामाजिक कार्यों में योगदान दिया।
प्रश्न 51: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रिप्स मिशन की ऐतिहासिक महत्ता को सबसे बेहतर दर्शाता है?
-
A.
इसने पहली बार भारत को पूर्ण स्वतंत्रता दी।
-
B.
इसने पाकिस्तान की मांग को तुरंत स्वीकार किया।
-
C.
इसने कांग्रेस और मुस्लिम लीग को एकीकृत कर दिया।
-
D.
इसने ब्रिटिश सरकार द्वारा भविष्य में भारतीय संविधान निर्माण की संभावना को औपचारिक रूप से स्वीकार किया।
✓
सही उत्तर:
D
— इसने ब्रिटिश सरकार द्वारा भविष्य में भारतीय संविधान निर्माण की संभावना को औपचारिक रूप से स्वीकार किया।
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन (1942) का ऐतिहासिक महत्व इस बात में था कि ब्रिटिश सरकार ने युद्धोत्तर काल में भारतीयों द्वारा संविधान निर्माण की प्रक्रिया को औपचारिक रूप से स्वीकार करने का प्रस्ताव रखा। हालांकि इसमें तत्काल सत्ता हस्तांतरण का अभाव था, जिसके कारण कांग्रेस ने इसे अस्वीकार किया।
प्रश्न 52: भारत छोड़ो आंदोलन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
आंदोलन ने बिना केंद्रीकृत नेतृत्व के भी व्यापक जनप्रतिरोध उत्पन्न किया।
✓
-
B.
आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण और नियंत्रित रहा।
-
C.
इसमें छात्रों और युवाओं की भागीदारी नगण्य थी।
-
D.
ब्रिटिश सरकार ने आंदोलन के तुरंत बाद स्वतंत्रता दे दी।
सही उत्तर:
A
— आंदोलन ने बिना केंद्रीकृत नेतृत्व के भी व्यापक जनप्रतिरोध उत्पन्न किया।
व्याख्या (Explanation):नेताओं की गिरफ्तारी के बावजूद आंदोलन जनता के स्वतःस्फूर्त प्रतिरोध के रूप में जारी रहा। कई स्थानों पर संचार और प्रशासनिक ढाँचे को लक्ष्य बनाया गया।
प्रश्न 53: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना के बारे में सही नहीं है?
-
A.
इसने भारत की एकता बनाए रखने का प्रयास किया।
-
B.
इसने संघीय ढाँचे का प्रस्ताव दिया।
-
C.
इसने केंद्र को व्यापक अवशिष्ट शक्तियाँ देने का प्रस्ताव रखा।
✓
-
D.
इसमें संविधान सभा का प्रावधान था।
सही उत्तर:
C
— इसने केंद्र को व्यापक अवशिष्ट शक्तियाँ देने का प्रस्ताव रखा।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन ने केंद्र को सीमित शक्तियाँ देने का प्रस्ताव किया था, व्यापक अवशिष्ट शक्तियाँ नहीं। अधिकांश शक्तियाँ प्रांतों के पास रहने वाली थीं।
प्रश्न 54: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधीजी के “रचनात्मक कार्यक्रम” के उद्देश्य को सबसे उपयुक्त रूप में व्यक्त करता है?
-
A.
राजनीतिक स्वतंत्रता के साथ सामाजिक पुनर्निर्माण को जोड़ना
✓
-
B.
केवल खादी उत्पादन को बढ़ावा देना
-
C.
ब्रिटिश प्रशासन के साथ सहयोग करना
-
D.
क्रांतिकारी गतिविधियों को संगठित करना
सही उत्तर:
A
— राजनीतिक स्वतंत्रता के साथ सामाजिक पुनर्निर्माण को जोड़ना
व्याख्या (Explanation):गांधीजी के लिए स्वतंत्रता केवल राजनीतिक सत्ता परिवर्तन नहीं थी; सामाजिक सुधार और आत्मनिर्भरता भी आवश्यक थे। खादी, अस्पृश्यता उन्मूलन और ग्राम सुधार इसके प्रमुख भाग थे।
प्रश्न 55: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सविनय अवज्ञा आंदोलन की प्रकृति को असहयोग आंदोलन की तुलना में अधिक उग्र दर्शाता है?
-
A.
इसमें अन्यायपूर्ण कानूनों का प्रत्यक्ष उल्लंघन किया गया।
✓
-
B.
इसमें विदेशी वस्त्रों का बहिष्कार नहीं था।
-
C.
इसमें किसानों की भागीदारी समाप्त हो गई।
-
D.
इसमें कांग्रेस की भूमिका सीमित थी।
सही उत्तर:
A
— इसमें अन्यायपूर्ण कानूनों का प्रत्यक्ष उल्लंघन किया गया।
व्याख्या (Explanation):सविनय अवज्ञा आंदोलन में कानून तोड़ना आंदोलन की रणनीति का अभिन्न भाग था। नमक कानून उल्लंघन इसका प्रतीकात्मक केंद्र था। विदेशी वस्त्र बहिष्कार दोनों आंदोलनों में मौजूद था।
प्रश्न 56: गांधी-इरविन समझौते की आलोचना का प्रमुख कारण क्या था?
-
A.
कांग्रेस ने गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने से इनकार कर दिया
-
B.
समझौते में पूर्ण स्वराज्य की स्पष्ट स्वीकृति नहीं थी
✓
-
C.
ब्रिटिश सरकार ने सभी राजनीतिक कैदियों को रिहा नहीं किया
-
D.
नमक कानून पूरी तरह समाप्त नहीं किया गया
सही उत्तर:
B
— समझौते में पूर्ण स्वराज्य की स्पष्ट स्वीकृति नहीं थी
व्याख्या (Explanation):कई राष्ट्रवादियों को लगा कि व्यापक जनआंदोलन के बावजूद समझौते में पूर्ण स्वतंत्रता का स्पष्ट आश्वासन नहीं मिला। जवाहरलाल नेहरू और सुभाष बोस ने समझौते पर मिश्रित प्रतिक्रिया दी थी।
प्रश्न 57: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) खिलाफत आंदोलन ने कांग्रेस और मुस्लिम नेतृत्व को अस्थायी रूप से निकट लाया। (2) खिलाफत आंदोलन के पतन के बाद सांप्रदायिक तनाव बढ़ा। (3) खिलाफत आंदोलन का मुख्य उद्देश्य भारत में शरीयत कानून लागू करना था।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 1 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):खिलाफत आंदोलन उस्मानी खलीफा की रक्षा से जुड़ा था, भारत में शरीयत लागू करना इसका उद्देश्य नहीं था। 1920–22 के दौरान हिंदू-मुस्लिम एकता अपने उच्च स्तर पर थी।
प्रश्न 58: असहयोग आंदोलन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
आंदोलन ने औपनिवेशिक शासन की वैधता को चुनौती दी।
✓
-
B.
आंदोलन का उद्देश्य केवल स्वदेशी वस्त्रों का प्रचार था।
-
C.
कांग्रेस ने परिषद चुनावों में सक्रिय भाग लिया।
-
D.
आंदोलन केवल पंजाब तक सीमित रहा।
सही उत्तर:
A
— आंदोलन ने औपनिवेशिक शासन की वैधता को चुनौती दी।
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन का मूल उद्देश्य ब्रिटिश शासन के प्रति सहयोग समाप्त कर उसकी वैधता को चुनौती देना था। गांधीजी ने “हिंद स्वराज” में इसी विचार को स्पष्ट किया था।
प्रश्न 59: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधीजी की प्रारंभिक आंदोलनों की रणनीति को सबसे बेहतर रूप में दर्शाता है?
-
A.
प्रत्यक्ष क्रांतिकारी संघर्ष और हिंसक प्रतिरोध
-
B.
केवल शहरी शिक्षित वर्ग को संगठित करना
-
C.
ब्रिटिश संस्थाओं में प्रवेश कर सुधार करना
-
D.
स्थानीय शिकायतों को नैतिक-राजनीतिक मुद्दों में बदलना
✓
सही उत्तर:
D
— स्थानीय शिकायतों को नैतिक-राजनीतिक मुद्दों में बदलना
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने स्थानीय आर्थिक समस्याओं को व्यापक नैतिक और राजनीतिक प्रश्नों से जोड़ा। यही रणनीति बाद में राष्ट्रीय आंदोलनों में भी प्रयुक्त हुई। गांधीवादी राजनीति अहिंसक और जनाधारित थी।
प्रश्न 60: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) चंपारण सत्याग्रह में गांधीजी ने औपनिवेशिक प्रशासन के आदेश की अवज्ञा की थी। (2) गांधीजी ने चंपारण में किसानों को कर न देने का आह्वान किया था। (3) चंपारण आंदोलन के बाद ब्रिटिश सरकार को नील संबंधी प्रथाओं में सुधार करना पड़ा।
-
A.
केवल 1 और 2
-
B.
केवल 1 और 3
✓
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
B
— केवल 1 और 3
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने चंपारण छोड़ने के सरकारी आदेश का उल्लंघन किया था। उन्होंने कर न देने का आह्वान नहीं किया था। आंदोलन के बाद तीनकठिया प्रथा समाप्त की गई। चंपारण कृषि अधिनियम 1918 इस आंदोलन का परिणाम था।
प्रश्न 61: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रिप्स मिशन और कैबिनेट मिशन के बीच मुख्य अंतर को दर्शाता है?
-
A.
दोनों ने तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता का प्रस्ताव दिया।
-
B.
दोनों ने पाकिस्तान की मांग स्वीकार की।
-
C.
दोनों केवल युद्धकालीन प्रशासन से संबंधित थे।
-
D.
कैबिनेट मिशन ने संविधान सभा गठन की अधिक ठोस रूपरेखा प्रस्तुत की।
✓
सही उत्तर:
D
— कैबिनेट मिशन ने संविधान सभा गठन की अधिक ठोस रूपरेखा प्रस्तुत की।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन ने संविधान सभा और संघीय संरचना की विस्तृत योजना प्रस्तुत की, जबकि क्रिप्स मिशन अधिक सीमित प्रस्ताव लेकर आया था। कैबिनेट मिशन 1946 में आया था। पाकिस्तान की मांग सीधे किसी भी मिशन ने स्वीकार नहीं की थी।
प्रश्न 62: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन प्रारंभिक गांधीवादी आंदोलनों के बारे में सही है?
-
A.
इन आंदोलनों ने गांधीजी को भारतीय जनजीवन से प्रत्यक्ष रूप से जोड़ा।
✓
-
B.
ये सभी आंदोलन शहरी शिक्षित वर्ग तक सीमित थे।
-
C.
इनका संबंध केवल मजदूर वर्ग से था।
-
D.
इन आंदोलनों में सत्याग्रह का प्रयोग नहीं हुआ।
सही उत्तर:
A
— इन आंदोलनों ने गांधीजी को भारतीय जनजीवन से प्रत्यक्ष रूप से जोड़ा।
व्याख्या (Explanation):चंपारण, खेड़ा और अहमदाबाद आंदोलनों ने गांधीजी को भारतीय सामाजिक-आर्थिक समस्याओं से प्रत्यक्ष रूप से जोड़ा। इन आंदोलनों ने गांधीजी की नेतृत्व क्षमता को राष्ट्रीय स्तर पर स्थापित किया। किसान और मजदूर दोनों वर्ग शामिल थे।
प्रश्न 63: निम्नलिखित में से कौन-सा कारण गांधीजी द्वारा असहयोग आंदोलन वापस लेने का तत्काल कारण बना?
-
A.
साइमन कमीशन का आगमन
-
B.
चौरी-चौरा में हिंसक घटना
✓
-
C.
क्रिप्स मिशन की विफलता
-
D.
खिलाफत आंदोलन का अंत
सही उत्तर:
B
— चौरी-चौरा में हिंसक घटना
व्याख्या (Explanation):चौरी-चौरा में भीड़ द्वारा पुलिस थाने को जलाने के बाद गांधीजी ने आंदोलन समाप्त कर दिया। गांधीजी अहिंसा को आंदोलन की मूल शर्त मानते थे।
प्रश्न 64: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना के संदर्भ में सही नहीं है?
-
A.
इसमें संविधान सभा के गठन का प्रावधान था।
-
B.
इसमें प्रांतों के समूह बनाए गए।
-
C.
केंद्र को सीमित विषय दिए गए।
-
D.
इसमें देशी रियासतों को पूर्ण स्वतंत्र राष्ट्र का दर्जा देने का प्रस्ताव था।
✓
सही उत्तर:
D
— इसमें देशी रियासतों को पूर्ण स्वतंत्र राष्ट्र का दर्जा देने का प्रस्ताव था।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन ने रियासतों को स्वतंत्र राष्ट्र का दर्जा देने का प्रस्ताव नहीं दिया था। मिशन संयुक्त भारत बनाए रखना चाहता था। संविधान सभा वास्तव में योजना का हिस्सा थी।
प्रश्न 65: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन भारत छोड़ो आंदोलन के बारे में सही है?
-
A.
यह कांग्रेस द्वारा ब्रिटिश शासन समाप्त करने की अंतिम व्यापक जन-अपील थी।
✓
-
B.
इसे क्रिप्स मिशन की सफलता के बाद शुरू किया गया।
-
C.
इसमें भूमिगत गतिविधियाँ नहीं हुईं।
-
D.
यह केवल बंगाल तक सीमित था।
सही उत्तर:
A
— यह कांग्रेस द्वारा ब्रिटिश शासन समाप्त करने की अंतिम व्यापक जन-अपील थी।
व्याख्या (Explanation):भारत छोड़ो आंदोलन स्वतंत्रता प्राप्ति से पूर्व कांग्रेस का अंतिम बड़ा जनांदोलन था। “अगस्त क्रांति” नाम इसी आंदोलन से जुड़ा है। क्रिप्स मिशन की विफलता के बाद यह आंदोलन शुरू हुआ।
प्रश्न 66: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधीजी द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में कांग्रेस के एकमात्र प्रतिनिधि थे। (2) सम्मेलन का मुख्य विवाद अल्पसंख्यक प्रतिनिधित्व था। (3) सम्मेलन के बाद गांधी-इरविन समझौता हुआ।
-
A.
केवल 1 और 3
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधी-इरविन समझौता सम्मेलन से पहले हुआ था, इसलिए कथन 3 गलत है। सम्मेलन 1931 में लंदन में आयोजित हुआ।
प्रश्न 67: निम्नलिखित में से कौन-सा कारक गांधीजी के नेतृत्व में कांग्रेस के “जनआधारित संगठन” में रूपांतरण को सबसे बेहतर रूप में समझाता है?
-
A.
कांग्रेस का केवल संवैधानिक सुधारों पर ध्यान केंद्रित करना
-
B.
ब्रिटिश प्रशासन का भारतीयकरण
-
C.
केवल शिक्षित वर्ग की भागीदारी बढ़ना
-
D.
स्थानीय सामाजिक-आर्थिक मुद्दों को राष्ट्रीय राजनीति से जोड़ना
✓
सही उत्तर:
D
— स्थानीय सामाजिक-आर्थिक मुद्दों को राष्ट्रीय राजनीति से जोड़ना
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने किसानों, मजदूरों, महिलाओं और निम्न वर्गों की समस्याओं को राष्ट्रीय आंदोलन से जोड़कर कांग्रेस का सामाजिक आधार व्यापक किया। असहयोग आंदोलन के बाद कांग्रेस पहली बार व्यापक जनसंगठन बनी। कांग्रेस केवल शिक्षित अभिजात वर्ग तक सीमित नहीं रही।
प्रश्न 68: निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म सही सुमेलित नहीं है?
-
A.
चंपारण — तीनकठिया प्रथा
-
B.
खिलाफत आंदोलन — उस्मानी खलीफा का प्रश्न
-
C.
पूना पैक्ट — पृथक मुस्लिम निर्वाचन
✓
-
D.
क्रिप्स मिशन — युद्धोत्तर संवैधानिक प्रस्ताव
सही उत्तर:
C
— पूना पैक्ट — पृथक मुस्लिम निर्वाचन
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट दलित प्रतिनिधित्व से संबंधित था, मुस्लिम पृथक निर्वाचन से नहीं। मुस्लिम पृथक निर्वाचन की व्यवस्था 1909 के भारतीय परिषद अधिनियम (मॉर्ले-मिंटो सुधार) से जुड़ी थी। अन्य सभी युग्म सही सुमेलित हैं।
प्रश्न 69: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन असहयोग आंदोलन के सामाजिक प्रभाव को सर्वाधिक सही रूप में दर्शाता है?
-
A.
इसने राष्ट्रीय आंदोलन को व्यापक जनाधार प्रदान किया।
✓
-
B.
यह केवल शिक्षित मध्यम वर्ग तक सीमित रहा।
-
C.
इसमें किसानों और मजदूरों की भागीदारी नहीं थी।
-
D.
इसने कांग्रेस को संवैधानिक राजनीति तक सीमित कर दिया।
सही उत्तर:
A
— इसने राष्ट्रीय आंदोलन को व्यापक जनाधार प्रदान किया।
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन ने पहली बार राष्ट्रीय आंदोलन को ग्रामीण भारत और सामान्य जनता तक पहुँचाया। विद्यार्थियों, व्यापारियों, किसानों और महिलाओं की भागीदारी बढ़ी।
प्रश्न 70: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) गांधीजी ने नमक कानून को इसलिए चुना क्योंकि इसका प्रभाव समाज के सभी वर्गों पर पड़ता था। (2) सविनय अवज्ञा आंदोलन में केवल नमक कानून का उल्लंघन किया गया। (3) दांडी यात्रा ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारतीय स्वतंत्रता आंदोलन की ओर ध्यान आकर्षित किया।
-
A.
केवल 1 और 2
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 3
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 3
व्याख्या (Explanation):कथन 1 और 3 सही हैं। आंदोलन केवल नमक कानून तक सीमित नहीं रहा; इसमें कर न देना, विदेशी वस्त्र बहिष्कार आदि भी शामिल थे। अमेरिकी पत्रकार वेब मिलर की रिपोर्टों ने आंदोलन को वैश्विक प्रसिद्धि दिलाई।
प्रश्न 71: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रिप्स मिशन की विफलता का प्रमुख कारण था?
-
A.
कांग्रेस द्वारा संविधान सभा का विरोध
-
B.
मुस्लिम लीग द्वारा डोमिनियन स्टेटस की मांग
-
C.
ब्रिटेन द्वारा तत्काल सत्ता हस्तांतरण
-
D.
भारतीय नेताओं को वास्तविक सत्ता न देने की अनिच्छा
✓
सही उत्तर:
D
— भारतीय नेताओं को वास्तविक सत्ता न देने की अनिच्छा
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स प्रस्तावों में वास्तविक और तत्काल सत्ता हस्तांतरण का अभाव था, इसलिए कांग्रेस ने उन्हें अस्वीकार किया। क्रिप्स मिशन की विफलता ने भारत छोड़ो आंदोलन का मार्ग प्रशस्त किया। कांग्रेस संविधान सभा के विचार के विरुद्ध नहीं थी।
प्रश्न 72: सविनय अवज्ञा आंदोलन के दौरान निम्नलिखित में से कौन-सी गतिविधि व्यापक रूप से देखी गई?
-
A.
नमक कानून का उल्लंघन
✓
-
B.
पृथक निर्वाचन की मांग
-
C.
सरकारी नौकरियों में भर्ती अभियान
-
D.
ब्रिटिश सेना का समर्थन
सही उत्तर:
A
— नमक कानून का उल्लंघन
व्याख्या (Explanation):सविनय अवज्ञा आंदोलन का प्रतीकात्मक केंद्र नमक कानून तोड़ना था। आंदोलन बाद में कर न देने और विदेशी वस्तुओं के बहिष्कार तक विस्तृत हुआ। पृथक निर्वाचन संवैधानिक बहस का विषय था।
प्रश्न 73: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना के बारे में सही है?
-
A.
इसने तत्काल पाकिस्तान निर्माण को मान्यता दी।
-
B.
इसने केंद्र को अत्यधिक शक्तियाँ देने का प्रस्ताव किया।
-
C.
इसने संघीय ढाँचे की परिकल्पना की।
✓
-
D.
इसने संविधान सभा को अस्वीकार किया।
सही उत्तर:
C
— इसने संघीय ढाँचे की परिकल्पना की।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन ने सीमित शक्तियों वाले संघीय केंद्र और प्रांतीय स्वायत्तता का प्रस्ताव रखा। केंद्र को केवल रक्षा, विदेश नीति और संचार विषय दिए गए थे। पाकिस्तान की मांग सीधे स्वीकार नहीं की गई थी।
प्रश्न 74: गांधीवादी सत्याग्रह की विशेषताओं में से कौन-से कथन सही हैं? (1) यह अन्यायपूर्ण सत्ता के विरुद्ध नैतिक प्रतिरोध पर आधारित था। (2) इसका उद्देश्य प्रतिद्वंद्वी का नैतिक परिवर्तन भी था। (3) यह निष्क्रिय प्रतिरोध का ही दूसरा नाम था।
-
A.
केवल 1 और 3
-
B.
केवल 1 और 2
✓
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
B
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):गांधीजी सत्याग्रह को निष्क्रिय प्रतिरोध से भिन्न मानते थे। उनके अनुसार सत्याग्रह केवल विरोध की पद्धति नहीं, बल्कि सत्य, नैतिक शक्ति और आत्मबल पर आधारित सक्रिय संघर्ष का माध्यम था। गांधीजी ने सत्याग्रह को “आत्मबल” अथवा “आत्मिक शक्ति” की संज्ञा दी थी। इसलिए कथन 3 गांधीवादी दर्शन की गलत व्याख्या प्रस्तुत करता है।
प्रश्न 75: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन पूना पैक्ट के संदर्भ में सही है?
-
A.
इसने दलितों के लिए आरक्षित सीटों की संख्या बढ़ाई।
✓
-
B.
इसने पृथक निर्वाचन को स्थायी रूप से समाप्त कर दिया।
-
C.
यह कांग्रेस और मुस्लिम लीग के बीच हुआ।
-
D.
यह गोलमेज सम्मेलन के पहले हुआ था।
सही उत्तर:
A
— इसने दलितों के लिए आरक्षित सीटों की संख्या बढ़ाई।
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट ने पृथक निर्वाचन के स्थान पर संयुक्त निर्वाचन के साथ आरक्षित सीटें बढ़ाईं। समझौता 1932 में हुआ था। यह कांग्रेस और डॉ. अंबेडकर के बीच समझौता था।
प्रश्न 76: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) साइमन कमीशन भारतीय संवैधानिक सुधारों की समीक्षा हेतु भेजा गया था। (2) कांग्रेस तथा मुस्लिम लीग के एक बड़े वर्ग ने साइमन कमीशन का बहिष्कार किया। (3) आयोग में सभी सदस्य ब्रिटिश थे।
-
A.
केवल 1 और 2
-
B.
1, 2 और 3
✓
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
केवल 1 और 3
सही उत्तर:
B
— 1, 2 और 3
व्याख्या (Explanation):तीनों कथन सही हैं। साइमन कमीशन में कोई भारतीय सदस्य नहीं था। मुस्लिम लीग का एक गुट बाद में आयोग के प्रति नरम रुख अपनाने लगा।
प्रश्न 77: निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म सही सुमेलित है?
-
A.
चंपारण — मजदूर आंदोलन
-
B.
अहमदाबाद — भू-राजस्व राहत
-
C.
खेड़ा — कर माफी आंदोलन
✓
-
D.
दांडी यात्रा — खिलाफत आंदोलन
सही उत्तर:
C
— खेड़ा — कर माफी आंदोलन
व्याख्या (Explanation):खेड़ा आंदोलन अकाल की स्थिति में कर माफी हेतु किसानों द्वारा चलाया गया था। सरदार पटेल ने इसमें महत्वपूर्ण संगठनात्मक भूमिका निभाई।
प्रश्न 78: निम्नलिखित में से कौन-सा कारक भारत छोड़ो आंदोलन को पूर्ववर्ती आंदोलनों से अलग बनाता है?
-
A.
आंदोलन के दौरान भूमिगत गतिविधियों का व्यापक विकास
✓
-
B.
केवल किसानों की भागीदारी
-
C.
ब्रिटिश सरकार का तत्काल समर्थन
-
D.
आंदोलन का केवल शहरी क्षेत्रों तक सीमित रहना
सही उत्तर:
A
— आंदोलन के दौरान भूमिगत गतिविधियों का व्यापक विकास
व्याख्या (Explanation):भारत छोड़ो आंदोलन में भूमिगत रेडियो, गुप्त नेटवर्क और समानांतर प्रशासन जैसी गतिविधियाँ महत्वपूर्ण थीं। उषा मेहता ने भूमिगत रेडियो प्रसारण में भूमिका निभाई। आंदोलन पूरे देश में फैला था।
प्रश्न 79: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन गांधी-इरविन समझौते के बारे में सही नहीं है?
-
A.
कांग्रेस ने सविनय अवज्ञा आंदोलन स्थगित किया।
-
B.
शांतिपूर्ण राजनीतिक बंदियों की रिहाई पर सहमति बनी।
-
C.
कांग्रेस ने गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने का निर्णय लिया।
-
D.
ब्रिटिश सरकार ने पूर्ण स्वराज्य स्वीकार कर लिया।
✓
सही उत्तर:
D
— ब्रिटिश सरकार ने पूर्ण स्वराज्य स्वीकार कर लिया।
व्याख्या (Explanation):समझौते में पूर्ण स्वराज्य की स्वीकृति नहीं दी गई थी। यह समझौता मार्च 1931 में हुआ था।
प्रश्न 80: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) असहयोग आंदोलन के दौरान वकीलों से न्यायालयों का बहिष्कार करने का आह्वान किया गया। (2) मोतीलाल नेहरू और सी. आर. दास ने प्रारंभ में परिषदों के बहिष्कार का समर्थन किया। (3) चौरी-चौरा घटना के बाद असहयोग आंदोलन समाप्त कर दिया गया।
-
A.
केवल 1 और 2
-
B.
केवल 1 और 3
-
C.
केवल 2 और 3
-
D.
1, 2 और 3
✓
सही उत्तर:
D
— 1, 2 और 3
व्याख्या (Explanation):तीनों कथन सही हैं। असहयोग आंदोलन में वकीलों को अदालतों का बहिष्कार करने के लिए प्रेरित किया गया। सी.आर. दास और मोतीलाल नेहरू प्रारंभ में बहिष्कार नीति के पक्ष में थे, लेकिन बाद में स्वराज पार्टी के माध्यम से परिषद प्रवेश की रणनीति अपनाई। चौरी-चौरा घटना के बाद आंदोलन वापस ले लिया गया।
प्रश्न 81: निम्नलिखित में से किस आंदोलन में आर्थिक मुद्दों के साथ-साथ औपनिवेशिक कानूनों की वैधता को प्रत्यक्ष चुनौती दी गई?
-
A.
खेड़ा आंदोलन
-
B.
चंपारण सत्याग्रह
-
C.
अहमदाबाद मिल हड़ताल
-
D.
सविनय अवज्ञा आंदोलन
✓
सही उत्तर:
D
— सविनय अवज्ञा आंदोलन
व्याख्या (Explanation):सविनय अवज्ञा आंदोलन में नमक कानून जैसे औपनिवेशिक कानूनों का खुला उल्लंघन किया गया। यह आंदोलन व्यापक जन-अवज्ञा का प्रतीक बना। प्रारंभिक आंदोलन अधिकतर स्थानीय आर्थिक समस्याओं तक सीमित थे।
प्रश्न 82: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन क्रिप्स मिशन के संदर्भ में सही नहीं है?
-
A.
इसमें भारत को तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता देने का प्रस्ताव था।
✓
-
B.
इसमें युद्ध के बाद संविधान सभा के गठन का सुझाव था।
-
C.
इसमें प्रांतों को अलग होने का विकल्प दिया गया था।
-
D.
इसे कांग्रेस और मुस्लिम लीग दोनों ने अस्वीकार किया।
सही उत्तर:
A
— इसमें भारत को तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता देने का प्रस्ताव था।
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन ने तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता का प्रस्ताव नहीं दिया था। कांग्रेस तत्काल उत्तरदायी सरकार चाहती थी।
प्रश्न 83: इन घटनाओं का सही कालानुक्रमिक क्रम कौन-सा है? (1) गांधी-इरविन समझौता (2) पूना पैक्ट (3) कैबिनेट मिशन (4) क्रिप्स मिशन
-
A.
1-3-2-4
-
B.
1-2-4-3
✓
-
C.
2-1-4-3
-
D.
4-1-2-3
सही उत्तर:
B
— 1-2-4-3
व्याख्या (Explanation):सही क्रम: गांधी-इरविन समझौता (1931) → पूना पैक्ट (1932) → क्रिप्स मिशन (1942) → कैबिनेट मिशन (1946)। इन घटनाओं ने स्वतंत्रता आंदोलन के संवैधानिक चरणों को प्रभावित किया।
प्रश्न 84: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन भारत छोड़ो आंदोलन के बारे में सही है?
-
A.
कांग्रेस नेतृत्व की गिरफ्तारी के बाद आंदोलन स्वतःस्फूर्त रूप से फैला।
✓
-
B.
आंदोलन का मुख्य केंद्र केवल पंजाब था।
-
C.
ब्रिटिश सरकार ने तुरंत वार्ता स्वीकार कर ली।
-
D.
आंदोलन पूर्णतः संवैधानिक दायरे में रहा।
सही उत्तर:
A
— कांग्रेस नेतृत्व की गिरफ्तारी के बाद आंदोलन स्वतःस्फूर्त रूप से फैला।
व्याख्या (Explanation):नेताओं की गिरफ्तारी के बावजूद आंदोलन जनता द्वारा स्वतः संचालित रूप में जारी रहा। भूमिगत गतिविधियों में अरुणा आसफ अली और राम मनोहर लोहिया सक्रिय थे।
प्रश्न 85: द्वितीय गोलमेज सम्मेलन की विफलता का प्रमुख कारण क्या था?
-
A.
कांग्रेस की अनुपस्थिति
-
B.
ब्रिटेन में सरकार का पतन
-
C.
साइमन कमीशन का विरोध
-
D.
सांप्रदायिक प्रतिनिधित्व पर मतभेद
✓
सही उत्तर:
D
— सांप्रदायिक प्रतिनिधित्व पर मतभेद
व्याख्या (Explanation):अल्पसंख्यक और सांप्रदायिक प्रतिनिधित्व का प्रश्न सम्मेलन में प्रमुख विवाद का कारण बना। डॉ. अंबेडकर और मुस्लिम लीग ने पृथक प्रतिनिधित्व की मांग उठाई।
प्रश्न 86: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) सविनय अवज्ञा आंदोलन के दौरान महिलाओं की भागीदारी बढ़ी। (2) दांडी यात्रा के दौरान गांधीजी ने समुद्र से नमक उठाकर कानून तोड़ा। (3) सविनय अवज्ञा आंदोलन केवल शहरी क्षेत्रों तक सीमित रहा।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):महिलाओं ने आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाई और गांधीजी ने दांडी में नमक कानून तोड़ा। आंदोलन ग्रामीण क्षेत्रों में भी फैला था, इसलिए कथन 3 गलत है। सरोजिनी नायडू ने धरसाना सत्याग्रह में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
प्रश्न 87: निम्नलिखित में से कौन-सा कारक खिलाफत आंदोलन के कमजोर पड़ने का प्रमुख कारण बना?
-
A.
साइमन कमीशन का आगमन
-
B.
तुर्की में खलीफा पद का अंत
✓
-
C.
गांधीजी का दक्षिण अफ्रीका लौटना
-
D.
पूना पैक्ट का विरोध
सही उत्तर:
B
— तुर्की में खलीफा पद का अंत
व्याख्या (Explanation):मुस्तफा कमाल पाशा द्वारा तुर्की में खलीफा संस्था समाप्त किए जाने के बाद खिलाफत आंदोलन का आधार कमजोर हो गया। 1924 में खिलाफत संस्था समाप्त हुई।
प्रश्न 88: निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म सही सुमेलित नहीं है?
-
A.
क्रिप्स मिशन — 1942
-
B.
पूना पैक्ट — 1932
-
C.
गांधी-इरविन समझौता — 1931
-
D.
कैबिनेट मिशन — 1939
✓
सही उत्तर:
D
— कैबिनेट मिशन — 1939
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन 1946 में आया था, 1939 में नहीं। 1939 में द्वितीय विश्व युद्ध प्रारंभ हुआ था।
प्रश्न 89: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन नमक सत्याग्रह के बारे में सही है?
-
A.
यह औपनिवेशिक आर्थिक नियंत्रण के विरुद्ध प्रतीकात्मक चुनौती थी।
✓
-
B.
इसका उद्देश्य केवल गुजरात के किसानों को संगठित करना था।
-
C.
इसमें नमक उत्पादन पर पूर्ण प्रतिबंध हट गया था।
-
D.
यह भारत छोड़ो आंदोलन का भाग था।
सही उत्तर:
A
— यह औपनिवेशिक आर्थिक नियंत्रण के विरुद्ध प्रतीकात्मक चुनौती थी।
व्याख्या (Explanation):नमक सत्याग्रह ब्रिटिश आर्थिक नीतियों और कराधान के विरुद्ध व्यापक जनप्रतिरोध का प्रतीक बना। नमक हर वर्ग द्वारा उपयोग की जाने वाली वस्तु थी, इसलिए यह आंदोलन अत्यंत प्रभावी बना।
प्रश्न 90: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) असहयोग आंदोलन के दौरान कांग्रेस ने चुनावों का बहिष्कार किया। (2) स्वराज पार्टी का गठन परिषदों में प्रवेश के उद्देश्य से हुआ। (3) स्वराज पार्टी का नेतृत्व गांधीजी ने किया।
-
A.
केवल 1 और 3
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
1, 2 और 3
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):कथन 1 और 2 सही हैं। स्वराज पार्टी का नेतृत्व सी. आर. दास और मोतीलाल नेहरू ने किया था, गांधीजी ने नहीं। स्वराज पार्टी की स्थापना 1923 में हुई थी।
प्रश्न 91: निम्नलिखित में से कौन-सा नेता गांधीजी के साथ प्रारंभिक किसान आंदोलनों में प्रत्यक्ष रूप से जुड़ा नहीं था?
-
A.
राजेंद्र प्रसाद
-
B.
सरदार पटेल
-
C.
ब्रजकिशोर प्रसाद
-
D.
मोहम्मद अली जिन्ना
✓
सही उत्तर:
D
— मोहम्मद अली जिन्ना
व्याख्या (Explanation):जिन्ना प्रारंभिक गांधीवादी किसान आंदोलनों से प्रत्यक्ष रूप से जुड़े नहीं थे। राजेंद्र प्रसाद चंपारण आंदोलन में सक्रिय थे। पटेल खेड़ा आंदोलन से जुड़े थे।
प्रश्न 92: निम्नलिखित में से कौन-सा कारण भारत छोड़ो आंदोलन की व्यापकता का प्रमुख कारण था?
-
A.
जनता में ब्रिटिश शासन के प्रति व्यापक असंतोष
✓
-
B.
ब्रिटिश सरकार द्वारा तत्काल स्वतंत्रता की घोषणा
-
C.
मुस्लिम लीग का पूर्ण समर्थन
-
D.
प्रथम विश्व युद्ध की समाप्ति
सही उत्तर:
A
— जनता में ब्रिटिश शासन के प्रति व्यापक असंतोष
व्याख्या (Explanation):द्वितीय विश्व युद्ध, आर्थिक कठिनाइयों और राजनीतिक निराशा के कारण जनता में व्यापक असंतोष था। आंदोलन में विद्यार्थियों, किसानों और मजदूरों की बड़ी भागीदारी रही।
प्रश्न 93: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन कैबिनेट मिशन योजना के बारे में सही नहीं है?
-
A.
इसमें संविधान सभा का प्रावधान था।
-
B.
इसमें प्रांतों के समूह बनाने का सुझाव था।
-
C.
इसमें तत्काल पाकिस्तान निर्माण को स्वीकार किया गया था।
✓
-
D.
इसका उद्देश्य सत्ता हस्तांतरण की रूपरेखा बनाना था।
सही उत्तर:
C
— इसमें तत्काल पाकिस्तान निर्माण को स्वीकार किया गया था।
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन ने तत्काल पाकिस्तान की मांग स्वीकार नहीं की थी। मिशन संयुक्त भारत बनाए रखना चाहता था।
प्रश्न 94: घटनाओं को कालानुक्रमिक क्रम में व्यवस्थित कीजिए: (1) साइमन कमीशन (2) क्रिप्स मिशन (3) खिलाफत आंदोलन (4) भारत छोड़ो आंदोलन
-
A.
3-1-4-2
-
B.
3-1-2-4
✓
-
C.
1-3-2-4
-
D.
1-2-3-4
सही उत्तर:
B
— 3-1-2-4
व्याख्या (Explanation):सही क्रम है: खिलाफत आंदोलन (1919-20) → साइमन कमीशन (1928) → क्रिप्स मिशन (1942) → भारत छोड़ो आंदोलन (1942)। क्रिप्स मिशन की विफलता ने भारत छोड़ो आंदोलन की पृष्ठभूमि तैयार की।
प्रश्न 95: निम्नलिखित में से कौन-सा कथन पूना पैक्ट के बारे में सही है?
-
A.
इसने पृथक निर्वाचन के स्थान पर आरक्षित सीटों की व्यवस्था दी।
✓
-
B.
यह कांग्रेस और मुस्लिम लीग के बीच हुआ।
-
C.
इसका संबंध खिलाफत आंदोलन से था।
-
D.
यह 1942 में हुआ था।
सही उत्तर:
A
— इसने पृथक निर्वाचन के स्थान पर आरक्षित सीटों की व्यवस्था दी।
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट में पृथक निर्वाचन के स्थान पर संयुक्त निर्वाचन और आरक्षित सीटों की व्यवस्था की गई। गांधीजी ने इसके विरोध में यरवदा जेल में अनशन किया था।
प्रश्न 96: गांधी-इरविन समझौते के संदर्भ में इन कथनों में से कौन से सही हैं: (1) कांग्रेस ने सविनय अवज्ञा आंदोलन स्थगित किया। (2) गांधीजी ने द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने पर सहमति दी। (3) ब्रिटिश सरकार ने भारत को पूर्ण स्वतंत्रता देने का वादा किया।
-
A.
केवल 1
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 3
-
D.
केवल 1 और 2
✓
सही उत्तर:
D
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):समझौते में आंदोलन स्थगन और गोलमेज सम्मेलन में भागीदारी पर सहमति हुई थी, लेकिन पूर्ण स्वतंत्रता का वादा नहीं किया गया। समझौता मार्च 1931 में हुआ।
प्रश्न 97: निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म सही सुमेलित नहीं है?
-
A.
चंपारण — नील किसानों की समस्या
-
B.
खेड़ा — भू-राजस्व राहत
-
C.
अहमदाबाद — नमक कानून विरोध
✓
-
D.
दांडी यात्रा — सविनय अवज्ञा आंदोलन
सही उत्तर:
C
— अहमदाबाद — नमक कानून विरोध
व्याख्या (Explanation):अहमदाबाद आंदोलन मजदूरों की वेतन वृद्धि से संबंधित था, नमक कानून से नहीं। नमक कानून विरोध दांडी यात्रा से जुड़ा था।
प्रश्न 98: निम्नलिखित में से कौन-सा कारण सविनय अवज्ञा आंदोलन को असहयोग आंदोलन से भिन्न बनाता है?
-
A.
इसमें कानूनों का प्रत्यक्ष उल्लंघन शामिल था।
✓
-
B.
इसमें विदेशी वस्त्रों का बहिष्कार नहीं था।
-
C.
इसमें गांधीजी ने भाग नहीं लिया।
-
D.
यह केवल किसानों तक सीमित था।
सही उत्तर:
A
— इसमें कानूनों का प्रत्यक्ष उल्लंघन शामिल था।
व्याख्या (Explanation):सविनय अवज्ञा आंदोलन में अन्यायपूर्ण कानूनों का खुला उल्लंघन किया गया, जैसे नमक कानून तोड़ना। असहयोग आंदोलन मुख्यतः बहिष्कार पर आधारित था। विदेशी वस्त्रों का बहिष्कार दोनों आंदोलनों में था।
प्रश्न 99: असहयोग आंदोलन के संदर्भ में इनमें से कौन-सी गतिविधियाँ आंदोलन का भाग थीं? (1) विदेशी वस्त्रों का बहिष्कार (2) सरकारी नौकरियों से त्यागपत्र (3) विधान परिषदों का बहिष्कार
-
A.
केवल 1
-
B.
1, 2 और 3
✓
-
C.
केवल 1 और 3
-
D.
केवल 2 और 3
सही उत्तर:
B
— 1, 2 और 3
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन के दौरान विदेशी वस्त्रों का बहिष्कार, सरकारी सेवाओं से त्यागपत्र और चुनावों का बहिष्कार प्रमुख कार्यक्रम थे। सी. आर. दास बाद में परिषद प्रवेश के पक्ष में स्वराज पार्टी से जुड़े।
प्रश्न 100: इनमें से कौन-से कथन सही हैं? (1) चंपारण सत्याग्रह गांधीजी का भारत में पहला सत्याग्रह था। (2) खेड़ा आंदोलन में कर माफी की मांग की गई थी। (3) अहमदाबाद मिल हड़ताल किसानों से संबंधित आंदोलन था।
-
A.
केवल 1 और 3
-
B.
केवल 2 और 3
-
C.
केवल 1 और 2
✓
-
D.
केवल 2
सही उत्तर:
C
— केवल 1 और 2
व्याख्या (Explanation):चंपारण गांधीजी का भारत में पहला सत्याग्रह था। खेड़ा आंदोलन में लगान माफी की मांग की गई थी। अहमदाबाद मिल हड़ताल मजदूरों से संबंधित थी, किसानों से नहीं।
प्रश्न 101: इन घटनाओं का सही कालानुक्रमिक क्रम कौन-सा है? (1) चंपारण सत्याग्रह (2) असहयोग आंदोलन (3) दांडी यात्रा (4) भारत छोड़ो आंदोलन
-
A.
2-1-3-4
-
B.
1-3-2-4
-
C.
1-2-3-4
✓
-
D.
3-1-2-4
सही उत्तर:
C
— 1-2-3-4
व्याख्या (Explanation):सही क्रम है: चंपारण सत्याग्रह (1917) → असहयोग आंदोलन (1920) → दांडी यात्रा (1930) → भारत छोड़ो आंदोलन (1942)।
प्रश्न 102: भारत छोड़ो आंदोलन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
यह आंदोलन द्वितीय विश्व युद्ध की पृष्ठभूमि में प्रारंभ हुआ।
✓
-
B.
इसका नेतृत्व सुभाषचंद्र बोस ने किया।
-
C.
यह आंदोलन 1930 में प्रारंभ हुआ।
-
D.
इसका मुख्य उद्देश्य साइमन कमीशन का विरोध था।
सही उत्तर:
A
— यह आंदोलन द्वितीय विश्व युद्ध की पृष्ठभूमि में प्रारंभ हुआ।
व्याख्या (Explanation):भारत छोड़ो आंदोलन 1942 में द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान ब्रिटिश शासन समाप्त करने की मांग के साथ शुरू हुआ। इसे अगस्त क्रांति भी कहा जाता है। सुभाष बोस उस समय आजाद हिंद फौज से जुड़े थे।
प्रश्न 103: क्रिप्स मिशन (1942) के प्रस्तावों को कांग्रेस ने मुख्यतः क्यों अस्वीकार किया?
-
A.
इसमें पाकिस्तान की तत्काल स्वीकृति थी
-
B.
इसमें तत्काल उत्तरदायी सरकार की स्पष्ट व्यवस्था का अभाव था
✓
-
C.
इसमें संविधान सभा का प्रावधान नहीं था
-
D.
इसमें ब्रिटिश सेना हटाने का प्रस्ताव था
सही उत्तर:
B
— इसमें तत्काल उत्तरदायी सरकार की स्पष्ट व्यवस्था का अभाव था
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन ने युद्ध के बाद डोमिनियन स्टेटस और संविधान निर्माण का प्रस्ताव दिया था, परंतु तत्काल सत्ता हस्तांतरण तथा वास्तविक उत्तरदायी सरकार की स्पष्ट व्यवस्था नहीं थी। इसी कारण कांग्रेस ने इसे अस्वीकार कर दिया। गांधीजी ने इसे “डूबते बैंक पर भविष्य तिथि का चेक” (Post-dated cheque on a crashing bank) कहा था।
प्रश्न 104: निम्नलिखित में से कौन-सा नेता द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में “दलित वर्गों” के प्रतिनिधि के रूप में प्रमुखता से उपस्थित था?
-
A.
मदन मोहन मालवीय
-
B.
मोहम्मद अली जिन्ना
-
C.
डॉ. बी. आर. अंबेडकर
✓
-
D.
सी. राजगोपालाचारी
सही उत्तर:
C
— डॉ. बी. आर. अंबेडकर
व्याख्या (Explanation):डॉ. अंबेडकर ने गोलमेज सम्मेलनों में दलित वर्गों के राजनीतिक अधिकारों की मांग रखी। पृथक निर्वाचन का मुद्दा बाद में पूना पैक्ट का कारण बना। वही जिन्ना मुस्लिम लीग का प्रतिनिधित्व कर रहे थे।
प्रश्न 105: गांधी-इरविन समझौते के तहत निम्नलिखित में से कौन-सी रियायत दी गई थी?
-
A.
भारत को पूर्ण स्वतंत्रता
-
B.
पृथक निर्वाचन की समाप्ति
-
C.
गवर्नर जनरल पद का उन्मूलन
-
D.
शांतिपूर्ण सत्याग्रहियों की रिहाई
✓
सही उत्तर:
D
— शांतिपूर्ण सत्याग्रहियों की रिहाई
व्याख्या (Explanation):समझौते के तहत कई राजनीतिक बंदियों को रिहा किया गया और नमक बनाने की सीमित अनुमति दी गई। हिंसात्मक अपराधों में शामिल कैदियों को रिहाई नहीं मिली।
प्रश्न 106: निम्नलिखित में से किस घटना ने सविनय अवज्ञा आंदोलन की पृष्ठभूमि तैयार की?
-
A.
लाहौर अधिवेशन में पूर्ण स्वराज्य की घोषणा
✓
-
B.
पूना पैक्ट
-
C.
कैबिनेट मिशन योजना
-
D.
शिमला सम्मेलन
सही उत्तर:
A
— लाहौर अधिवेशन में पूर्ण स्वराज्य की घोषणा
व्याख्या (Explanation):1929 के लाहौर अधिवेशन में पूर्ण स्वराज्य को लक्ष्य घोषित करने के बाद सविनय अवज्ञा आंदोलन की दिशा स्पष्ट हुई। 26 जनवरी 1930 को स्वतंत्रता दिवस मनाया गया।
प्रश्न 107: खिलाफत आंदोलन और असहयोग आंदोलन के संयुक्त होने का प्रमुख परिणाम क्या था?
-
A.
मुस्लिम लीग का तत्काल विभाजन
-
B.
हिंदू-मुस्लिम एकता को बल मिला
✓
-
C.
पूर्ण स्वराज्य प्राप्त हो गया
-
D.
साइमन कमीशन वापस चला गया
सही उत्तर:
B
— हिंदू-मुस्लिम एकता को बल मिला
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने खिलाफत आंदोलन का समर्थन कर व्यापक राष्ट्रीय एकता बनाने का प्रयास किया। 1920–22 के दौरान दोनों आंदोलनों ने जनभागीदारी को अभूतपूर्व रूप से बढ़ाया।
प्रश्न 108: असहयोग आंदोलन के समय कांग्रेस द्वारा अपनाई गई नीति क्या थी?
-
A.
संवैधानिक सुधारों के लिए केवल याचिका
-
B.
ब्रिटिश सेना में भागीदारी
-
C.
क्रांतिकारी हिंसा का समर्थन
-
D.
औपनिवेशिक संस्थाओं का बहिष्कार
✓
सही उत्तर:
D
— औपनिवेशिक संस्थाओं का बहिष्कार
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन का आधार ब्रिटिश शासन की संस्थाओं का शांतिपूर्ण बहिष्कार था। उपाधियों और सम्मान लौटाने का अभियान भी इसी का भाग था।
प्रश्न 109: निम्नलिखित में से कौन-सा आंदोलन मुख्यतः किसानों से संबंधित नहीं था?
-
A.
खेड़ा आंदोलन
-
B.
बारदोली सत्याग्रह
-
C.
अहमदाबाद मिल हड़ताल
✓
-
D.
चंपारण सत्याग्रह
सही उत्तर:
C
— अहमदाबाद मिल हड़ताल
व्याख्या (Explanation):अहमदाबाद मिल हड़ताल औद्योगिक मजदूरों का आंदोलन था, जबकि अन्य आंदोलन किसानों से संबंधित थे। बारदोली सत्याग्रह का नेतृत्व सरदार पटेल ने किया था। चंपारण और खेड़ा स्पष्ट रूप से किसान आंदोलन थे।
प्रश्न 110: चंपारण सत्याग्रह के दौरान गांधीजी द्वारा अपनाई गई प्रमुख कार्यपद्धति क्या थी?
-
A.
किसानों की समस्याओं की प्रत्यक्ष जांच
✓
-
B.
सशस्त्र प्रतिरोध
-
C.
गुप्त क्रांतिकारी संगठन
-
D.
ब्रिटिश वस्तुओं का पूर्ण बहिष्कार
सही उत्तर:
A
— किसानों की समस्याओं की प्रत्यक्ष जांच
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने चंपारण में किसानों की समस्याओं का प्रत्यक्ष सर्वेक्षण और जनसंपर्क किया, जो उनकी सत्याग्रह पद्धति का महत्वपूर्ण भाग था।
प्रश्न 111: कैबिनेट मिशन योजना में निम्नलिखित में से किसका प्रस्ताव किया गया था?
-
A.
भारत का तत्काल विभाजन
-
B.
पूर्ण केंद्रीकृत शासन व्यवस्था
-
C.
गवर्नर जनरल का पद समाप्त करना
-
D.
प्रांतों का समूहों में विभाजन
✓
सही उत्तर:
D
— प्रांतों का समूहों में विभाजन
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन योजना में प्रांतों को तीन समूहों में विभाजित करने का प्रस्ताव रखा गया था। कांग्रेस और मुस्लिम लीग के बीच इस योजना की व्याख्या को लेकर मतभेद उत्पन्न हुए।
प्रश्न 112: भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान समानांतर सरकार कहाँ स्थापित की गई थी?
-
A.
सतारा
✓
-
B.
दिल्ली
-
C.
लखनऊ
-
D.
मद्रास
सही उत्तर:
A
— सतारा
व्याख्या (Explanation):महाराष्ट्र के सतारा में “प्रतिसरकार” नामक समानांतर सरकार स्थापित हुई थी। बलिया और तामलुक में भी समानांतर प्रशासनिक व्यवस्थाएँ बनी थीं। दिल्ली में ऐसी समानांतर सरकार स्थापित नहीं हुई थी।
प्रश्न 113: पूना पैक्ट (1932) के परिणामस्वरूप निम्नलिखित में से क्या हुआ?
-
A.
दलितों को पृथक राष्ट्र मिला
-
B.
मुस्लिम लीग को अतिरिक्त प्रतिनिधित्व मिला
-
C.
प्रांतीय विधानसभाओं में दलितों के लिए आरक्षित सीटों की संख्या बढ़ाई गई
✓
-
D.
सविनय अवज्ञा आंदोलन समाप्त हुआ
सही उत्तर:
C
— प्रांतीय विधानसभाओं में दलितों के लिए आरक्षित सीटों की संख्या बढ़ाई गई
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट (1932) महात्मा गांधी और डॉ. बी. आर. अंबेडकर के बीच हुआ। इसके तहत दलितों के लिए पृथक निर्वाचन की व्यवस्था समाप्त कर संयुक्त निर्वाचन के अंतर्गत आरक्षित सीटों की संख्या बढ़ाई गई।
प्रश्न 114: निम्नलिखित में से किस अधिवेशन में कांग्रेस ने “पूर्ण स्वराज्य” को अपना लक्ष्य घोषित किया?
-
A.
नागपुर अधिवेशन, 1920
-
B.
कराची अधिवेशन, 1931
-
C.
लखनऊ अधिवेशन, 1916
-
D.
लाहौर अधिवेशन, 1929
✓
सही उत्तर:
D
— लाहौर अधिवेशन, 1929
व्याख्या (Explanation):1929 के लाहौर अधिवेशन में जवाहरलाल नेहरू की अध्यक्षता में पूर्ण स्वराज्य को कांग्रेस का लक्ष्य घोषित किया गया। 26 जनवरी 1930 को प्रथम स्वतंत्रता दिवस मनाया गया।
प्रश्न 115: दांडी यात्रा के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
गांधीजी के साथ प्रारंभ में 78 स्वयंसेवक थे।
✓
-
B.
यात्रा वर्धा से प्रारंभ हुई थी।
-
C.
इसका उद्देश्य साइमन कमीशन का विरोध था।
-
D.
यह 1942 में आयोजित हुई थी।
सही उत्तर:
A
— गांधीजी के साथ प्रारंभ में 78 स्वयंसेवक थे।
व्याख्या (Explanation):दांडी यात्रा 12 मार्च 1930 को साबरमती आश्रम से शुरू हुई जिसमें 78 सत्याग्रही शामिल थे। यात्रा 24 दिनों तक चली।
प्रश्न 116: साइमन कमीशन के विरोध प्रदर्शन के दौरान लाठीचार्ज में घायल होकर किस नेता की मृत्यु हुई?
-
A.
बाल गंगाधर तिलक
-
B.
लाला लाजपत राय
✓
-
C.
बिपिन चंद्र पाल
-
D.
मदन मोहन मालवीय
सही उत्तर:
B
— लाला लाजपत राय
व्याख्या (Explanation):लाहौर में साइमन कमीशन विरोधी प्रदर्शन के दौरान पुलिस लाठीचार्ज में लाला लाजपत राय घायल हुए और बाद में उनका निधन हो गया। इस घटना का बदला लेने हेतु भगत सिंह और साथियों ने सॉन्डर्स की हत्या की।
प्रश्न 117: निम्नलिखित में से कौन-सा नेता खिलाफत आंदोलन से प्रत्यक्ष रूप से जुड़ा हुआ था?
-
A.
सी. आर. दास
-
B.
गोपाल कृष्ण गोखले
-
C.
मोहम्मद अली
✓
-
D.
सुरेंद्रनाथ बनर्जी
सही उत्तर:
C
— मोहम्मद अली
व्याख्या (Explanation):मोहम्मद अली और शौकत अली खिलाफत आंदोलन के प्रमुख नेता थे। गांधीजी ने हिंदू-मुस्लिम एकता के उद्देश्य से इस आंदोलन का समर्थन किया। गोखले का निधन 1915 में हो चुका था।
प्रश्न 118: असहयोग आंदोलन के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कार्यक्रम रचनात्मक कार्यों में शामिल था?
-
A.
खादी और चरखे का प्रचार
✓
-
B.
ब्रिटिश सेना में भर्ती
-
C.
पृथक निर्वाचन की मांग
-
D.
सांप्रदायिक संगठन बनाना
सही उत्तर:
A
— खादी और चरखे का प्रचार
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने स्वदेशी और आत्मनिर्भरता के लिए खादी तथा चरखे के उपयोग को बढ़ावा दिया। चरखा बाद में कांग्रेस के प्रतीक के रूप में भी प्रयुक्त हुआ। पृथक निर्वाचन ब्रिटिश संवैधानिक नीति से जुड़ा मुद्दा था।
प्रश्न 119: अहमदाबाद मिल हड़ताल (1918) में मजदूरों की मुख्य मांग क्या थी?
-
A.
कार्य घंटे कम करना
-
B.
विदेशी प्रबंधकों को हटाना
-
C.
स्वतंत्र ट्रेड यूनियन बनाना
-
D.
वेतन वृद्धि
✓
सही उत्तर:
D
— वेतन वृद्धि
व्याख्या (Explanation):अहमदाबाद मिल हड़ताल वेतन विवाद से संबंधित थी। प्लेग बोनस समाप्त किए जाने के बाद मजदूर वेतन वृद्धि की मांग कर रहे थे। गांधीजी ने मध्यस्थ की भूमिका निभाई तथा मजदूरों के समर्थन में उपवास (fast) भी किया। अंततः मजदूरों को वेतन वृद्धि मिली।
प्रश्न 120: चंपारण सत्याग्रह में प्रचलित “तीनकठिया प्रथा” का संबंध किससे था?
-
A.
भू-राजस्व की तीन गुना वृद्धि
-
B.
भूमि के एक हिस्से में नील की अनिवार्य खेती
✓
-
C.
किसानों से तीन प्रकार के कर वसूलना
-
D.
तीन वर्ष तक अनिवार्य बेगार
सही उत्तर:
B
— भूमि के एक हिस्से में नील की अनिवार्य खेती
व्याख्या (Explanation):तीनकठिया प्रथा के अंतर्गत किसानों को अपनी भूमि के 3/20 भाग में नील की खेती करने के लिए बाध्य किया जाता था।
प्रश्न 121: निम्नलिखित में से कौन-सा युग्म सही सुमेलित है?
-
A.
पूना पैक्ट — 1928
-
B.
गांधी-इरविन समझौता — 1942
-
C.
कैबिनेट मिशन — 1946
✓
-
D.
क्रिप्स मिशन — 1930
सही उत्तर:
C
— कैबिनेट मिशन — 1946
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन 1946 में भारत आया था। इसका उद्देश्य संविधान सभा की स्थापना और सत्ता हस्तांतरण की प्रक्रिया तय करना था। गांधी-इरविन समझौता 1931 में हुआ था, जबकि क्रिप्स मिशन 1942 में आया।
प्रश्न 122: भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान “करो या मरो” का नारा किसने दिया?
-
A.
महात्मा गांधी
✓
-
B.
जवाहरलाल नेहरू
-
C.
सुभाषचंद्र बोस
-
D.
जयप्रकाश नारायण
सही उत्तर:
A
— महात्मा गांधी
व्याख्या (Explanation):8 अगस्त 1942 को मुंबई के ग्वालिया टैंक मैदान में गांधीजी ने “करो या मरो” का नारा दिया। इसके तुरंत बाद कांग्रेस के प्रमुख नेताओं को गिरफ्तार कर लिया गया।
प्रश्न 123: द्वितीय गोलमेज सम्मेलन (1931) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा सही है?
-
A.
इसमें कांग्रेस ने भाग नहीं लिया
-
B.
इसमें पूर्ण स्वराज्य तुरंत स्वीकार कर लिया गया
-
C.
इसका आयोजन भारत में हुआ था
-
D.
गांधीजी ने कांग्रेस का प्रतिनिधित्व किया
✓
सही उत्तर:
D
— गांधीजी ने कांग्रेस का प्रतिनिधित्व किया
व्याख्या (Explanation):द्वितीय गोलमेज सम्मेलन लंदन में आयोजित हुआ था जिसमें गांधीजी कांग्रेस के एकमात्र प्रतिनिधि थे। सम्मेलन अल्पसंख्यक प्रतिनिधित्व के मुद्दे पर सफल नहीं हो सका।
प्रश्न 124: सविनय अवज्ञा आंदोलन का तात्कालिक कारण क्या था?
-
A.
जलियांवाला बाग हत्याकांड
-
B.
नमक कानून का विरोध
✓
-
C.
साइमन कमीशन की रिपोर्ट
-
D.
खिलाफत आंदोलन की समाप्ति
सही उत्तर:
B
— नमक कानून का विरोध
व्याख्या (Explanation):सविनय अवज्ञा आंदोलन (1930) का तात्कालिक कारण नमक कानून का विरोध था। गांधीजी ने नमक कर को अन्यायपूर्ण बताते हुए दांडी यात्रा प्रारंभ की। नमक ऐसा उत्पाद था जिसका उपयोग समाज के सभी वर्ग करते थे, जिससे आंदोलन को व्यापक जनसमर्थन मिला।
प्रश्न 125: निम्नलिखित में से किस आंदोलन में गांधीजी ने पहली बार अखिल भारतीय स्तर पर जनांदोलन चलाया?
-
A.
असहयोग आंदोलन
✓
-
B.
खेड़ा आंदोलन
-
C.
अहमदाबाद मिल हड़ताल
-
D.
चंपारण सत्याग्रह
सही उत्तर:
A
— असहयोग आंदोलन
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन गांधीजी का पहला अखिल भारतीय जनांदोलन था। इसे कांग्रेस ने 1920 के नागपुर अधिवेशन में स्वीकृति दी। जबकि चंपारण और खेड़ा क्षेत्रीय आंदोलन थे।
प्रश्न 126: साइमन कमीशन के विरोध का प्रमुख कारण क्या था?
-
A.
इसमें कांग्रेस को अधिक प्रतिनिधित्व दिया गया था
-
B.
इसका उद्देश्य पूर्ण स्वतंत्रता देना था
-
C.
इसमें कोई भारतीय सदस्य नहीं था
✓
-
D.
यह केवल पंजाब के लिए गठित हुआ था
सही उत्तर:
C
— इसमें कोई भारतीय सदस्य नहीं था
व्याख्या (Explanation):1928 में गठित साइमन कमीशन में एक भी भारतीय सदस्य नहीं था, जिसके कारण पूरे देश में इसका विरोध हुआ।
प्रश्न 127: खिलाफत आंदोलन का मुख्य उद्देश्य क्या था?
-
A.
भारत में पूर्ण स्वराज्य प्राप्त करना
-
B.
उस्मानी खलीफा की स्थिति की रक्षा करना
✓
-
C.
पृथक निर्वाचन लागू करना
-
D.
साइमन कमीशन का विरोध करना
सही उत्तर:
B
— उस्मानी खलीफा की स्थिति की रक्षा करना
व्याख्या (Explanation):खिलाफत आंदोलन प्रथम विश्व युद्ध के बाद तुर्की के खलीफा की सत्ता और धार्मिक प्रतिष्ठा की रक्षा हेतु चलाया गया। अली बंधु इस आंदोलन के प्रमुख नेता थे।
प्रश्न 128: असहयोग आंदोलन के दौरान स्थापित “राष्ट्रीय शिक्षण संस्थानों” के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा संस्थान इस श्रेणी में शामिल नहीं था?
-
A.
काशी विद्यापीठ
-
B.
जामिया मिलिया इस्लामिया
-
C.
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय
✓
-
D.
गुजरात विद्यापीठ
सही उत्तर:
C
— अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन के दौरान राष्ट्रीय शिक्षा को बढ़ावा देने हेतु काशी विद्यापीठ, जामिया मिलिया इस्लामिया और गुजरात विद्यापीठ जैसे संस्थानों की स्थापना/प्रोत्साहन हुआ। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय सरकारी ढाँचे के अंतर्गत कार्य करता रहा और इसे राष्ट्रीय शिक्षण संस्थान आंदोलन का भाग नहीं माना जाता।
प्रश्न 129: खेड़ा आंदोलन में गांधीजी के साथ प्रमुख रूप से कौन जुड़े थे?
-
A.
सरदार वल्लभभाई पटेल
✓
-
B.
सुभाषचंद्र बोस
-
C.
बाल गंगाधर तिलक
-
D.
मौलाना आजाद
सही उत्तर:
A
— सरदार वल्लभभाई पटेल
व्याख्या (Explanation):खेड़ा आंदोलन में सरदार पटेल ने किसानों को संगठित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह आंदोलन गुजरात सभा के माध्यम से संगठित किया गया था। तिलक उस समय स्वास्थ्य कारणों से सक्रिय नहीं थे।
प्रश्न 130: निम्नलिखित में से किसने गांधीजी को चंपारण आने के लिए लगातार आग्रह किया था?
-
A.
राजेंद्र प्रसाद
-
B.
ब्रजकिशोर प्रसाद
-
C.
राजकुमार शुक्ल
✓
-
D.
मजहरुल हक
सही उत्तर:
C
— राजकुमार शुक्ल
व्याख्या (Explanation):राजकुमार शुक्ल चंपारण के किसान थे जिन्होंने गांधीजी को नील किसानों की समस्या देखने के लिए आमंत्रित किया। चंपारण जांच समिति में गांधीजी को भी सदस्य बनाया गया था। राजेंद्र प्रसाद बाद में आंदोलन से जुड़े।
प्रश्न 131: कैबिनेट मिशन (1946) का मुख्य उद्देश्य क्या था?
-
A.
खिलाफत आंदोलन को समर्थन देना
-
B.
सविनय अवज्ञा आंदोलन समाप्त करना
-
C.
भारत में रॉलेट एक्ट लागू करना
-
D.
सत्ता हस्तांतरण की रूपरेखा तैयार करना
✓
सही उत्तर:
D
— सत्ता हस्तांतरण की रूपरेखा तैयार करना
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन का उद्देश्य भारत के लिए संवैधानिक व्यवस्था और सत्ता हस्तांतरण की योजना तैयार करना था। इसमें पैथिक लॉरेंस, स्टैफर्ड क्रिप्स और ए. वी. अलेक्जेंडर शामिल थे।
प्रश्न 132: क्रिप्स मिशन (1942) के संबंध में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
इसमें युद्ध के बाद डोमिनियन स्टेटस का प्रस्ताव था।
✓
-
B.
इसमें तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता की घोषणा की गई।
-
C.
यह साइमन कमीशन का भाग था।
-
D.
इसका नेतृत्व वेवल ने किया था।
सही उत्तर:
A
— इसमें युद्ध के बाद डोमिनियन स्टेटस का प्रस्ताव था।
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन ने द्वितीय विश्व युद्ध के बाद भारत को डोमिनियन स्टेटस देने का प्रस्ताव रखा था, जिसे कांग्रेस ने अस्वीकार कर दिया। गांधीजी ने इसे “Post-dated cheque on a crashing bank” कहा था।
प्रश्न 133: पूना पैक्ट (1932) किनके बीच हुआ था?
-
A.
गांधीजी और जिन्ना
-
B.
नेहरू और अंबेडकर
-
C.
गांधीजी और डॉ. बी. आर. अंबेडकर
✓
-
D.
गांधीजी और इरविन
सही उत्तर:
C
— गांधीजी और डॉ. बी. आर. अंबेडकर
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट गांधीजी और डॉ. अंबेडकर के बीच हुआ था। इसमें दलितों के लिए पृथक निर्वाचन के स्थान पर आरक्षित सीटों का प्रावधान किया गया। यह समझौता ब्रिटिश प्रधानमंत्री रैम्ज़े मैकडोनाल्ड के “Communal Award” के संदर्भ में हुआ था।
प्रश्न 134: गांधी-इरविन समझौते (1931) के परिणामस्वरूप निम्नलिखित में से क्या हुआ?
-
A.
भारत छोड़ो आंदोलन प्रारंभ हुआ
-
B.
पृथक निर्वाचन समाप्त कर दिए गए
-
C.
साइमन कमीशन भंग हुआ
-
D.
कांग्रेस ने द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लिया
✓
सही उत्तर:
D
— कांग्रेस ने द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लिया
व्याख्या (Explanation):गांधी-इरविन समझौते के बाद सविनय अवज्ञा आंदोलन स्थगित किया गया और कांग्रेस ने द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लिया। गांधीजी ने कांग्रेस का प्रतिनिधित्व किया था। पृथक निर्वाचन पूना पैक्ट से संबंधित मुद्दा था।
प्रश्न 135: नमक सत्याग्रह का प्रारंभ किस स्थान से हुआ था?
-
A.
साबरमती आश्रम
✓
-
B.
दांडी
-
C.
चंपारण
-
D.
वर्धा
सही उत्तर:
A
— साबरमती आश्रम
व्याख्या (Explanation):12 मार्च 1930 को महात्मा गांधी ने साबरमती आश्रम (अहमदाबाद) से दांडी तक नमक सत्याग्रह की यात्रा प्रारंभ की। 6 अप्रैल 1930 को दांडी पहुँचकर नमक कानून का उल्लंघन किया गया। दांडी यात्रा का अंतिम पड़ाव था, प्रारंभिक स्थान नहीं।
प्रश्न 136: निम्नलिखित में से किस घटना के बाद असहयोग आंदोलन वापस लिया गया?
-
A.
जलियांवाला बाग हत्याकांड
-
B.
चौरी-चौरा घटना
✓
-
C.
साइमन कमीशन का आगमन
-
D.
पूना पैक्ट
सही उत्तर:
B
— चौरी-चौरा घटना
व्याख्या (Explanation):फरवरी 1922 में चौरी-चौरा घटना में प्रदर्शन हिंसक हो गया और पुलिस थाने में आग लगा दी गई। अहिंसा के सिद्धांत के उल्लंघन के कारण गांधीजी ने असहयोग आंदोलन वापस ले लिया। हालांकि कांग्रेस के कई नेताओं ने इस निर्णय की आलोचना की।
प्रश्न 137: असहयोग आंदोलन के दौरान निम्नलिखित में से किसका बहिष्कार नहीं किया गया था?
-
A.
सरकारी विद्यालय
-
B.
विधि न्यायालय
-
C.
भारतीय उद्योगों का उपयोग
✓
-
D.
विदेशी वस्त्र
सही उत्तर:
C
— भारतीय उद्योगों का उपयोग
व्याख्या (Explanation):असहयोग आंदोलन में विदेशी वस्त्रों, सरकारी विद्यालयों, उपाधियों और न्यायालयों का बहिष्कार किया गया था, जबकि स्वदेशी उद्योगों को प्रोत्साहन दिया गया। आंदोलन 1922 में चौरी-चौरा घटना के बाद वापस लिया गया। स्वदेशी को बढ़ावा देना आंदोलन का मुख्य भाग था।
प्रश्न 138: अहमदाबाद मिल हड़ताल (1918) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा सही है?
-
A.
गांधीजी ने पहली बार भूख हड़ताल का प्रयोग किया।
✓
-
B.
यह आंदोलन नील किसानों से संबंधित था।
-
C.
इसका नेतृत्व केवल सरदार पटेल ने किया।
-
D.
इसका उद्देश्य खिलाफत की रक्षा था।
सही उत्तर:
A
— गांधीजी ने पहली बार भूख हड़ताल का प्रयोग किया।
व्याख्या (Explanation):अहमदाबाद मिल मजदूरों और मालिकों के बीच वेतन विवाद हुआ था। गांधीजी ने मजदूरों के समर्थन में भूख हड़ताल की। अनसूया साराभाई ने इस आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
प्रश्न 139: खेड़ा आंदोलन (1918) का मुख्य उद्देश्य क्या था?
-
A.
विदेशी वस्त्रों का बहिष्कार
-
B.
मजदूरों के लिए बोनस की मांग
-
C.
पृथक निर्वाचक मंडल की मांग
-
D.
फसल खराबी और अकाल की स्थिति में लगान माफी की मांग
✓
सही उत्तर:
D
— फसल खराबी और अकाल की स्थिति में लगान माफी की मांग
व्याख्या (Explanation):खेड़ा सत्याग्रह (1918) गुजरात के किसानों द्वारा फसल खराब होने और अकाल जैसी स्थिति के बावजूद भू-राजस्व (लगान) वसूली के विरोध में चलाया गया था। इसमें गांधीजी, सरदार वल्लभभाई पटेल तथा गुजरात सभा की महत्वपूर्ण भूमिका थी। इसे गांधीजी के प्रारंभिक किसान आंदोलनों में गिना जाता है।
प्रश्न 140: चंपारण सत्याग्रह (1917) के संदर्भ में निम्नलिखित में से कौन-सा कथन सही है?
-
A.
यह आंदोलन मुख्यतः कपड़ा मिल मजदूरों से संबंधित था।
-
B.
यह गांधीजी का भारत में पहला सफल सत्याग्रह था।
✓
-
C.
इसका उद्देश्य रॉलेट एक्ट का विरोध करना था।
-
D.
इसमें किसानों ने लगान की पूर्ण समाप्ति की मांग की थी।
सही उत्तर:
B
— यह गांधीजी का भारत में पहला सफल सत्याग्रह था।
व्याख्या (Explanation):चंपारण सत्याग्रह गांधीजी का भारत में पहला सफल सत्याग्रह था। यह बिहार के नील किसानों की “तीनकठिया प्रथा” के विरुद्ध चलाया गया था। राजकुमार शुक्ल ने गांधीजी को चंपारण आने के लिए प्रेरित किया था।
प्रश्न 141: Assertion (A): गांधीजी की प्रारंभिक सत्याग्रह पद्धति ने बाद के राष्ट्रीय आंदोलनों के लिए संगठनात्मक आधार तैयार किया। Reason (R): चंपारण, खेड़ा और अहमदाबाद आंदोलनों में स्थानीय मुद्दों को व्यापक राजनीतिक प्रतिरोध से जोड़ा गया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):प्रारंभिक आंदोलनों में विकसित सत्याग्रह तकनीक, जनसंपर्क और स्थानीय प्रश्नों के राजनीतिकरण ने आगे के राष्ट्रीय आंदोलनों की नींव रखी।
प्रश्न 142: Assertion (A): गांधीजी ने भारत छोड़ो आंदोलन में व्यक्तिगत सत्याग्रह की रणनीति अपनाई थी। Reason (R): व्यक्तिगत सत्याग्रह का प्रयोग मुख्यतः द्वितीय विश्व युद्ध के प्रारंभिक चरण में किया गया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
✓
सही उत्तर:
D
— A गलत है पर R सही है
व्याख्या (Explanation):व्यक्तिगत सत्याग्रह 1940–41 में चलाया गया था, भारत छोड़ो आंदोलन में नहीं। Reason सही है।
प्रश्न 143: Assertion (A): साइमन कमीशन विरोध ने भारतीय राजनीति में ‘संवैधानिक स्व-प्रस्ताव’ की प्रवृत्ति को बढ़ावा दिया। Reason (R): इसके बाद भारतीय नेताओं ने नेहरू रिपोर्ट के माध्यम से अपना संवैधानिक प्रारूप प्रस्तुत किया।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):साइमन कमीशन में भारतीय प्रतिनिधित्व न होने के कारण भारतीय नेताओं ने स्वयं संवैधानिक प्रारूप तैयार करने की पहल की, जिसका परिणाम नेहरू रिपोर्ट थी।
प्रश्न 144: Assertion (A): द्वितीय गोलमेज सम्मेलन की विफलता के बाद सविनय अवज्ञा आंदोलन पुनः आरंभ किया गया। Reason (R): ब्रिटिश सरकार ने सम्मेलन में कांग्रेस की पूर्ण स्वराज की मांग स्वीकार कर ली थी।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
✓
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
C
— A सही है पर R गलत है
व्याख्या (Explanation):द्वितीय गोलमेज सम्मेलन विफल होने के बाद सविनय अवज्ञा आंदोलन पुनः शुरू हुआ। लेकिन ब्रिटिश सरकार ने पूर्ण स्वराज की मांग स्वीकार नहीं की थी।
प्रश्न 145: Assertion (A): कैबिनेट मिशन योजना ने केंद्र को सीमित विषयों तक सीमित रखने का प्रस्ताव दिया था। Reason (R): योजना भारतीय एकता बनाए रखते हुए प्रांतीय स्वायत्तता को संतुलित करना चाहती थी।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):रक्षा, विदेश और संचार को छोड़कर अधिकांश शक्तियाँ प्रांतों को देने का उद्देश्य भारतीय एकता और प्रांतीय स्वायत्तता के बीच संतुलन बनाना था।
प्रश्न 146: Assertion (A): भारत छोड़ो आंदोलन में भूमिगत गतिविधियों का महत्व बढ़ गया था। Reason (R): आंदोलन के प्रारंभ में ही शीर्ष कांग्रेस नेतृत्व को गिरफ्तार कर लिया गया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):शीर्ष नेतृत्व की गिरफ्तारी के कारण आंदोलन स्थानीय और भूमिगत नेटवर्कों के माध्यम से संचालित हुआ।
प्रश्न 147: Assertion (A): क्रिप्स मिशन की विफलता ने कांग्रेस और ब्रिटिश सरकार के बीच अविश्वास को और बढ़ा दिया। Reason (R): क्रिप्स प्रस्तावों में प्रांतों को संघ से अलग होने का विकल्प दिया गया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
✓
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
B
— A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन की विफलता से अविश्वास बढ़ा। प्रांतों को अलग होने का विकल्प दिया गया था, लेकिन यही अकेला या प्रत्यक्ष कारण नहीं था; कई अन्य प्रावधान भी विवादास्पद थे।
प्रश्न 148: Assertion (A): पूना पैक्ट ने पृथक निर्वाचन की अवधारणा को पूरी तरह समाप्त कर दिया था। Reason (R): पूना पैक्ट के अंतर्गत अनुसूचित जातियों को आरक्षित सीटों के साथ संयुक्त निर्वाचन स्वीकार किया गया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
✓
सही उत्तर:
D
— A गलत है पर R सही है
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट ने केवल दलितों के लिए पृथक निर्वाचन समाप्त किया था, पूरी अवधारणा नहीं। लेकिन संयुक्त निर्वाचन एवं आरक्षित सीटों की व्यवस्था सही है।
प्रश्न 149: Assertion (A): गांधी-इरविन समझौते ने कांग्रेस को संवैधानिक राजनीति की दिशा में अस्थायी रूप से पुनः स्थापित किया। Reason (R): समझौते के बाद कांग्रेस ने द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने का निर्णय लिया।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
✓
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
B
— A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
व्याख्या (Explanation):दोनों कथन सही हैं, लेकिन कांग्रेस की संवैधानिक राजनीति में वापसी केवल द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने के निर्णय से ही निर्धारित नहीं हुई थी। इसके पीछे समझौते के व्यापक राजनीतिक उद्देश्य और ब्रिटिश सरकार के साथ अस्थायी सहयोग की रणनीति भी शामिल थी, इसलिए R, A की पूर्ण व्याख्या नहीं करता।
प्रश्न 150: Assertion (A): सविनय अवज्ञा आंदोलन में नमक कानून तोड़ना केवल प्रतीकात्मक कदम नहीं था। Reason (R): नमक कर का आर्थिक प्रभाव समाज के गरीब और सामान्य वर्गों पर व्यापक रूप से पड़ता था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):नमक केवल प्रतीकात्मक मुद्दा नहीं था, बल्कि यह आम जनता के दैनिक जीवन और आर्थिक हितों से जुड़ा प्रश्न था। नमक कर का प्रभाव विशेष रूप से गरीब वर्गों पर पड़ता था, जिससे आंदोलन को व्यापक जनसमर्थन मिला। अतः Reason, Assertion की सही व्याख्या करता है।
प्रश्न 151: Assertion (A): चौरी-चौरा घटना के बाद असहयोग आंदोलन वापस लेने से कांग्रेस के भीतर वैचारिक मतभेद उभरे। Reason (R): कई नेताओं का मानना था कि जनआंदोलन को अचानक रोकना राजनीतिक रूप से हानिकारक था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):चौरी-चौरा घटना के बाद गांधीजी द्वारा असहयोग आंदोलन वापस लेने के निर्णय की कई नेताओं—जैसे मोतीलाल नेहरू और सुभाषचंद्र बोस—ने आलोचना की। उनका मानना था कि आंदोलन को अचानक रोकना राजनीतिक रूप से हानिकारक था। अतः Reason, Assertion की सही व्याख्या करता है।
प्रश्न 152: Assertion (A): खिलाफत आंदोलन के समर्थन ने कांग्रेस को मुस्लिम जनसमुदाय में व्यापक स्वीकार्यता दिलाई। Reason (R): खिलाफत आंदोलन पूर्णतः धार्मिक आंदोलन था और उसका भारतीय राष्ट्रवाद से कोई संबंध नहीं था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
✓
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
C
— A सही है पर R गलत है
व्याख्या (Explanation):खिलाफत आंदोलन ने कांग्रेस और मुस्लिम समुदाय के बीच राजनीतिक सहयोग बढ़ाया। लेकिन यह कहना गलत है कि उसका भारतीय राष्ट्रवाद से कोई संबंध नहीं था, क्योंकि गांधीजी ने उसे राष्ट्रीय आंदोलन से जोड़ा था।
प्रश्न 153: Assertion (A): असहयोग आंदोलन के दौरान कांग्रेस संगठन में भाषाई प्रांतीय समितियों का पुनर्गठन किया गया था। Reason (R): कांग्रेस नेतृत्व जनाधार विस्तार हेतु संगठन को स्थानीय भाषाई आधार से जोड़ना चाहता था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):नागपुर अधिवेशन (1920) में कांग्रेस का भाषाई आधार पर पुनर्गठन किया गया ताकि संगठन अधिक जनसुलभ बन सके।
प्रश्न 154: Assertion (A): अहमदाबाद मिल हड़ताल में गांधीजी ने वर्ग-सहयोग (Class Cooperation) की नीति अपनाई थी। Reason (R): गांधीजी श्रमिकों और मिल-मालिकों के बीच अहिंसक समझौते एवं मध्यस्थता के पक्षधर थे।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):गांधीजी मार्क्सवादी वर्गसंघर्ष के समर्थक नहीं थे, बल्कि वर्ग-सहयोग और नैतिक समाधान में विश्वास करते थे। अहमदाबाद मिल हड़ताल में उन्होंने श्रमिकों और मिल-मालिकों के बीच समझौते की दिशा में कार्य किया। अतः Reason, Assertion की सही व्याख्या करता है।
प्रश्न 155: Assertion (A): चंपारण सत्याग्रह ने गांधीजी को भारतीय राष्ट्रीय आंदोलन में ग्रामीण भारत से प्रत्यक्ष रूप से जोड़ दिया। Reason (R): चंपारण में गांधीजी ने पहली बार सत्याग्रह को किसानों की आर्थिक समस्याओं के साथ जोड़ा।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने चंपारण में किसानों की वास्तविक समस्याओं को राजनीतिक संघर्ष से जोड़ा, जिससे ग्रामीण भारत राष्ट्रीय आंदोलन से जुड़ा। Reason सीधे Assertion की व्याख्या करता है।
प्रश्न 156: Assertion (A): भारत छोड़ो आंदोलन पूरी तरह अहिंसक बना रहा था। Reason (R): आंदोलन के दौरान संचार और प्रशासनिक ढांचों पर कई स्थानों पर हमले हुए थे।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
✓
सही उत्तर:
D
— A गलत है पर R सही है
व्याख्या (Explanation):भारत छोड़ो आंदोलन कई स्थानों पर हिंसक गतिविधियों में परिवर्तित हो गया था। संचार एवं प्रशासनिक ढांचों पर हमले इसके उदाहरण थे।
प्रश्न 157: Assertion (A): सविनय अवज्ञा आंदोलन में कर न देना और कानून तोड़ना आंदोलन की रणनीति का हिस्सा था। Reason (R): गांधीजी अन्यायपूर्ण कानूनों को नैतिक आधार पर चुनौती देना चाहते थे।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):सविनय अवज्ञा आंदोलन का उद्देश्य अन्यायपूर्ण कानूनों का नैतिक प्रतिरोध करना था, इसलिए कानून उल्लंघन इसकी रणनीति का मूल तत्व था।
प्रश्न 158: Assertion (A): साइमन कमीशन के विरोध ने भारतीय राजनीतिक दलों को संवैधानिक सुधारों पर विचार करने के लिए प्रेरित किया। Reason (R): इसके परिणामस्वरूप नेहरू रिपोर्ट तैयार की गई थी।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):साइमन कमीशन के विरोध के बाद भारतीय नेताओं ने स्वयं संवैधानिक ढांचा प्रस्तुत करने का प्रयास किया, जिसके परिणामस्वरूप नेहरू रिपोर्ट बनी।
प्रश्न 159: Assertion (A): द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में कांग्रेस ने पूर्ण स्वराज की मांग को त्याग दिया था। Reason (R): गांधीजी ने सम्मेलन में कांग्रेस के एकमात्र प्रतिनिधि के रूप में भाग लिया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
✓
सही उत्तर:
D
— A गलत है पर R सही है
व्याख्या (Explanation):कांग्रेस ने पूर्ण स्वराज की मांग नहीं छोड़ी थी। लेकिन गांधीजी वास्तव में कांग्रेस के एकमात्र प्रतिनिधि के रूप में सम्मेलन में शामिल हुए थे।
प्रश्न 160: Assertion (A): कैबिनेट मिशन योजना ने भारत के लिए संघीय संरचना का प्रस्ताव रखा था। Reason (R): योजना में प्रांतों को समूह बनाने की व्यवस्था की गई थी।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
✓
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
B
— A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
व्याख्या (Explanation):दोनों कथन सही हैं, लेकिन कैबिनेट मिशन योजना की संघीय संरचना का आधार केवल प्रांतों के समूह की व्यवस्था नहीं था। इसका मूल उद्देश्य एक ढीली संघीय व्यवस्था बनाना और केंद्र-प्रांत संबंधों को संतुलित करना था, इसलिए R, A की पूर्ण व्याख्या नहीं करता।
प्रश्न 161: Assertion (A): भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान समानांतर सरकारें कुछ क्षेत्रों में स्थापित हुई थीं। Reason (R): ब्रिटिश प्रशासन कई क्षेत्रों में अस्थायी रूप से निष्क्रिय हो गया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
✓
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
B
— A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
व्याख्या (Explanation):दोनों कथन सही हैं, लेकिन समानांतर सरकारों की स्थापना केवल ब्रिटिश प्रशासन की निष्क्रियता का प्रत्यक्ष परिणाम नहीं थी। यह जन-आंदोलन, स्थानीय नेतृत्व और क्रांतिकारी गतिविधियों के संगठित स्वरूप का परिणाम था, इसलिए R, A की पूर्ण व्याख्या नहीं करता।
प्रश्न 162: Assertion (A): क्रिप्स मिशन की विफलता ने भारत छोड़ो आंदोलन की पृष्ठभूमि तैयार की। Reason (R): क्रिप्स प्रस्तावों में तत्काल उत्तरदायी सरकार की स्पष्ट व्यवस्था नहीं थी।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन (1942) के प्रस्तावों में तत्काल सत्ता हस्तांतरण और उत्तरदायी सरकार की स्पष्ट व्यवस्था नहीं थी, जिससे कांग्रेस असंतुष्ट हुई। इस असंतोष ने भारत छोड़ो आंदोलन की पृष्ठभूमि तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। अतः Reason, Assertion की सही व्याख्या करता है।
प्रश्न 163: Assertion (A): पूना पैक्ट के बाद अनुसूचित जातियों के लिए पृथक निर्वाचन समाप्त कर संयुक्त निर्वाचन स्वीकार किया गया। Reason (R): डॉ. आंबेडकर ने कम्यूनल अवॉर्ड का पूर्णतः विरोध किया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
✓
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
C
— A सही है पर R गलत है
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट में संयुक्त निर्वाचन स्वीकार किया गया था। लेकिन डॉ. आंबेडकर प्रारंभ में कम्यूनल अवॉर्ड के पृथक निर्वाचन प्रावधान के समर्थक थे।
प्रश्न 164: Assertion (A): नमक सत्याग्रह का चयन गांधीजी ने इसलिए किया क्योंकि नमक केवल उच्च वर्ग के उपभोग की वस्तु था। Reason (R): नमक कर का प्रभाव भारतीय समाज के लगभग सभी वर्गों पर पड़ता था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
✓
सही उत्तर:
D
— A गलत है पर R सही है
व्याख्या (Explanation):नमक का चयन इसलिए किया गया क्योंकि यह सभी वर्गों की आवश्यक वस्तु थी। इसलिए Assertion गलत है जबकि Reason सही है।
प्रश्न 165: Assertion (A): खिलाफत आंदोलन के समर्थन से गांधीजी ने राष्ट्रीय आंदोलन को व्यापक सामाजिक आधार देने का प्रयास किया। Reason (R): खिलाफत प्रश्न ने भारतीय मुसलमानों में व्यापक असंतोष उत्पन्न किया था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने मुस्लिम असंतोष को राष्ट्रीय आंदोलन से जोड़कर हिंदू-मुस्लिम एकता और व्यापक जनाधार बनाने का प्रयास किया।
प्रश्न 166: Assertion (A): गांधी-इरविन समझौते के बाद सविनय अवज्ञा आंदोलन स्थायी रूप से समाप्त हो गया था। Reason (R): समझौते के अंतर्गत कांग्रेस ने गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने पर सहमति दी थी।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
✓
सही उत्तर:
D
— A गलत है पर R सही है
व्याख्या (Explanation):गांधी-इरविन समझौते के बाद आंदोलन केवल अस्थायी रूप से स्थगित हुआ था, स्थायी रूप से समाप्त नहीं। लेकिन कांग्रेस ने गोलमेज सम्मेलन में भाग लेने पर सहमति दी थी।
प्रश्न 167: Assertion (A): चौरी-चौरा घटना के बाद कई राष्ट्रीय नेताओं ने गांधीजी के आंदोलन वापस लेने के निर्णय की आलोचना की थी। Reason (R): उनका मानना था कि आंदोलन अपने चरम जनसमर्थन के चरण में था।
-
A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):कई नेताओं को लगा कि आंदोलन व्यापक जनसमर्थन प्राप्त कर चुका था और उसे रोकना राजनीतिक दृष्टि से नुकसानदायक होगा। यही आलोचना का प्रमुख कारण था।
प्रश्न 168: Assertion (A): असहयोग आंदोलन के दौरान कांग्रेस ने पहली बार बड़े पैमाने पर जनसाधारण को राष्ट्रीय आंदोलन से जोड़ा। Reason (R): इस आंदोलन में विदेशी वस्त्रों के बहिष्कार तथा राष्ट्रीय शिक्षण संस्थाओं के प्रसार पर बल दिया गया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):विदेशी वस्त्र बहिष्कार और राष्ट्रीय संस्थाओं के प्रचार जैसे कार्यक्रमों ने आंदोलन को जनसाधारण से जोड़ा और कांग्रेस को जनांदोलन का स्वरूप दिया।
प्रश्न 169: Assertion (A): अहमदाबाद मिल हड़ताल में गांधीजी ने श्रमिकों के समर्थन में अहिंसक सत्याग्रह और उपवास का प्रयोग किया था। Reason (R): गांधीजी का मानना था कि श्रमिक संघर्षों में भी अहिंसा और नैतिक दबाव प्रभावी हो सकते हैं।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):अहमदाबाद मिल हड़ताल (1918) में गांधीजी ने श्रमिकों के समर्थन में उपवास और अहिंसक सत्याग्रह का प्रयोग किया। उनका विश्वास था कि अहिंसा एवं नैतिक दबाव के माध्यम से श्रमिकों की मांगों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया जा सकता है। अतः Reason, Assertion की सही व्याख्या करता है।
प्रश्न 170: Assertion (A): गांधीजी ने चंपारण सत्याग्रह में सत्याग्रह को किसानों की स्थानीय समस्याओं से जोड़ा। Reason (R): चंपारण में ‘तीनकठिया प्रथा’ किसानों के आर्थिक शोषण का प्रमुख कारण थी।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने स्थानीय किसान समस्याओं को राष्ट्रीय राजनीति से जोड़ा। तीनकठिया प्रथा किसानों के शोषण का मुख्य कारण थी, जिसने सत्याग्रह की पृष्ठभूमि तैयार की।
प्रश्न 171: Assertion (A): चंपारण सत्याग्रह में गांधीजी ने किसानों की समस्याओं की जांच के लिए सरकारी समिति में भाग लिया था। Reason (R): चंपारण आंदोलन के बाद गांधीजी को भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया गया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
✓
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
C
— A सही है पर R गलत है
व्याख्या (Explanation):चंपारण आंदोलन के बाद गांधीजी को जांच समिति में शामिल किया गया था। लेकिन उन्हें इसके तुरंत बाद कांग्रेस अध्यक्ष नहीं बनाया गया था।
प्रश्न 172: Assertion (A): भारत छोड़ो आंदोलन के समय कांग्रेस के प्रमुख नेताओं को तुरंत गिरफ्तार कर लिया गया था। Reason (R): ब्रिटिश सरकार आंदोलन को प्रारंभिक चरण में ही दबाना चाहती थी।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
-
B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
-
D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):ब्रिटिश सरकार को आशंका थी कि आंदोलन व्यापक विद्रोह का रूप ले सकता है, इसलिए उसने आरंभ में ही कांग्रेस नेतृत्व को गिरफ्तार कर लिया।
प्रश्न 173: Assertion (A): कैबिनेट मिशन ने भारत के विभाजन का स्पष्ट प्रस्ताव रखा था। Reason (R): कैबिनेट मिशन 1946 में भारत भेजा गया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
-
C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
✓
सही उत्तर:
D
— A गलत है पर R सही है
व्याख्या (Explanation):कैबिनेट मिशन ने भारत के विभाजन का समर्थन नहीं किया था। उसने संघीय ढांचे का प्रस्ताव दिया था। लेकिन यह सही है कि मिशन 1946 में भारत आया था।
प्रश्न 174: Assertion (A): पूना पैक्ट ने दलितों के लिए पृथक निर्वाचन व्यवस्था को समाप्त कर दिया। Reason (R): पूना पैक्ट में संयुक्त निर्वाचन के साथ आरक्षित सीटों की व्यवस्था स्वीकार की गई थी।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट के तहत दलितों के लिए पृथक निर्वाचन समाप्त कर संयुक्त निर्वाचन प्रणाली के भीतर आरक्षण स्वीकार किया गया। इसलिए Reason सीधे Assertion की व्याख्या करता है।
प्रश्न 175: Assertion (A): नमक सत्याग्रह ने सविनय अवज्ञा आंदोलन को व्यापक जनाधार प्रदान किया। Reason (R): नमक कानून का उल्लंघन समाज के विभिन्न वर्गों द्वारा आसानी से किया जा सकता था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):नमक एक सार्वभौमिक आवश्यकता थी और उसका कानून तोड़ना सरल तथा प्रतीकात्मक दोनों था। इससे आंदोलन ग्रामीण, शहरी, गरीब और मध्यम वर्ग तक फैल गया।
प्रश्न 176: Assertion (A): खिलाफत आंदोलन और असहयोग आंदोलन कुछ समय तक साथ-साथ चले थे। Reason (R): गांधीजी ने हिंदू-मुस्लिम एकता को राष्ट्रीय आंदोलन के लिए महत्वपूर्ण माना था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
✓
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने हिंदू-मुस्लिम एकता को मजबूत करने के उद्देश्य से खिलाफत आंदोलन का समर्थन किया, जिसके कारण दोनों आंदोलन साथ-साथ चले।
प्रश्न 177: Assertion (A): साइमन कमीशन का भारत में व्यापक विरोध हुआ था। Reason (R): आयोग में किसी भी भारतीय सदस्य को शामिल नहीं किया गया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):भारतीय प्रतिनिधित्व के अभाव के कारण साइमन कमीशन को भारतीयों ने अपमानजनक माना और उसका व्यापक विरोध किया।
प्रश्न 178: Assertion (A): गांधी-इरविन समझौते के बाद गांधीजी ने द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लिया था। Reason (R): गांधी-इरविन समझौते में ब्रिटिश सरकार ने भारत को पूर्ण स्वतंत्रता देने की घोषणा की थी।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
C
— A सही है पर R गलत है
व्याख्या (Explanation):गांधी-इरविन समझौते के बाद गांधीजी ने द्वितीय गोलमेज सम्मेलन में भाग लिया था। लेकिन इस समझौते में पूर्ण स्वतंत्रता की घोषणा नहीं की गई थी।
प्रश्न 179: Assertion (A): खेड़ा आंदोलन में गांधीजी ने सत्याग्रह की नीति अपनाई थी। Reason (R): फसल खराब होने के कारण किसान लगान देने में असमर्थ थे और उन्होंने कर में राहत की मांग की थी।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):खेड़ा में फसल खराब होने के कारण किसान आर्थिक संकट में थे और लगान देने की स्थिति में नहीं थे। गांधीजी ने इसी समस्या के समाधान हेतु सत्याग्रह की नीति अपनाई। अतः Reason, Assertion की सही व्याख्या करता है।
प्रश्न 180: Assertion (A): गांधीजी ने असहयोग आंदोलन को स्वराज प्राप्ति का प्रमुख साधन माना था। Reason (R): असहयोग आंदोलन के दौरान सरकारी शिक्षण संस्थानों और अदालतों के बहिष्कार के साथ-साथ विदेशी वस्त्रों का व्यापक बहिष्कार भी किया गया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
B
— A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
व्याख्या (Explanation):Assertion और Reason सही है। लेकिन Reason केवल आंदोलन की गतिविधियों का विवरण देता है, यह यह स्पष्ट नहीं करता कि गांधीजी ने इसे स्वराज प्राप्ति का “मुख्य साधन क्यों माना”। इसलिए यह Assertion की प्रत्यक्ष व्याख्या नहीं है।
प्रश्न 181: Assertion (A): भारत छोड़ो आंदोलन 1942 में प्रारंभ हुआ था। Reason (R): इस आंदोलन के दौरान गांधीजी ने “करो या मरो” का नारा दिया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
✓
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
B
— A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
व्याख्या (Explanation):भारत छोड़ो आंदोलन 1942 में शुरू हुआ और गांधीजी ने “करो या मरो” का नारा दिया। लेकिन यह नारा आंदोलन के समय दिया गया था; यह इस बात की प्रत्यक्ष व्याख्या नहीं करता कि आंदोलन 1942 में क्यों प्रारंभ हुआ।
प्रश्न 182: Assertion (A): क्रिप्स मिशन भारत को तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता देने के लिए भेजा गया था। Reason (R): क्रिप्स मिशन द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान भारत भेजा गया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
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सही उत्तर:
D
— A गलत है पर R सही है
व्याख्या (Explanation):क्रिप्स मिशन तत्काल पूर्ण स्वतंत्रता देने के लिए नहीं भेजा गया था। इसका उद्देश्य युद्ध के बाद डोमिनियन स्टेटस का प्रस्ताव देना था। लेकिन यह सही है कि इसे द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान भेजा गया था।
प्रश्न 183: Assertion (A): पूना पैक्ट गांधीजी और डॉ. भीमराव आंबेडकर के बीच हुआ था। Reason (R): इस समझौते में पृथक निर्वाचन की व्यवस्था को स्वीकार किया गया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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A सही है पर R गलत है
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A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
C
— A सही है पर R गलत है
व्याख्या (Explanation):पूना पैक्ट गांधीजी और डॉ. आंबेडकर के बीच हुआ था। लेकिन इसमें पृथक निर्वाचन का विरोध किया गया और संयुक्त निर्वाचन के साथ आरक्षण स्वीकार किया गया।
प्रश्न 184: Assertion (A): साइमन कमीशन में कोई भारतीय सदस्य नहीं था। Reason (R): इसी कारण भारतीय नेताओं ने इसे “सफेद लोगों का आयोग” (White Man’s Commission) कहा था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):साइमन कमीशन (1927) में कोई भारतीय सदस्य शामिल नहीं था। इसी कारण भारतीय नेताओं ने इसे “White Man’s Commission” कहा और इसका व्यापक विरोध किया। अतः Reason, Assertion की सही व्याख्या करता है।
प्रश्न 185: Assertion (A): खिलाफत आंदोलन का उद्देश्य तुर्की के खलीफा के पद की रक्षा करना था। Reason (R): खिलाफत आंदोलन का नेतृत्व केवल हिंदू नेताओं ने किया था।
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A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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A सही है पर R गलत है
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A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
C
— A सही है पर R गलत है
व्याख्या (Explanation):खिलाफत आंदोलन का उद्देश्य खलीफा की स्थिति की रक्षा करना था। लेकिन इसका नेतृत्व अली बंधुओं सहित प्रमुख मुस्लिम नेताओं ने किया था, केवल हिंदू नेताओं ने नहीं।
प्रश्न 186: Assertion (A): नमक सत्याग्रह दांडी यात्रा से प्रारंभ हुआ था। Reason (R): दांडी यात्रा के दौरान गांधीजी ने नमक कानून तोड़ा था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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A सही है पर R गलत है
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A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):दांडी पहुंचकर गांधीजी ने नमक कानून तोड़ा, जिससे सविनय अवज्ञा आंदोलन के अंतर्गत नमक सत्याग्रह का आरंभ हुआ।
प्रश्न 187: Assertion (A): असहयोग आंदोलन चौरी-चौरा घटना के बाद समाप्त किया गया था। Reason (R): चौरी-चौरा में प्रदर्शनकारियों ने हिंसा का सहारा लिया था।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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A सही है पर R गलत है
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A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
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— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):चौरी-चौरा की हिंसक घटना गांधीजी की अहिंसा नीति के विरुद्ध थी, इसलिए उन्होंने असहयोग आंदोलन वापस ले लिया।
प्रश्न 188: Assertion (A): अहमदाबाद मिल हड़ताल में गांधीजी ने भूख हड़ताल का प्रयोग किया था। Reason (R): इस आंदोलन का उद्देश्य किसानों के लगान में कमी कराना था।
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A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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B.
A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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C.
A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
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— A सही है पर R गलत है
व्याख्या (Explanation):गांधीजी ने अहमदाबाद मिल हड़ताल में भूख हड़ताल की थी। लेकिन यह आंदोलन मजदूरों के वेतन विवाद से संबंधित था, न कि किसानों के लगान से।
प्रश्न 189: Assertion (A): खेड़ा आंदोलन में किसानों ने लगान माफी की मांग की थी। Reason (R): उस समय फसल खराब होने के कारण किसान आर्थिक संकट में थे।
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A.
A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
A
— A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
व्याख्या (Explanation):खेड़ा में फसल खराब होने से किसान कर देने की स्थिति में नहीं थे, इसलिए उन्होंने लगान माफी की मांग की। Reason सीधे Assertion की व्याख्या करता है।
प्रश्न 190: Assertion (A): चंपारण सत्याग्रह गांधीजी का भारत में पहला सत्याग्रह आंदोलन था। Reason (R): यह आंदोलन नील की खेती से संबंधित किसानों की समस्याओं के विरुद्ध चलाया गया था।
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A और R दोनों सही हैं तथा R, A की सही व्याख्या है
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A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
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A सही है पर R गलत है
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D.
A गलत है पर R सही है
सही उत्तर:
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— A और R दोनों सही हैं पर R, A की सही व्याख्या नहीं है
व्याख्या (Explanation):चंपारण सत्याग्रह गांधीजी का भारत में पहला सत्याग्रह था और यह नील किसानों की समस्याओं से जुड़ा था। लेकिन किसानों की समस्या होना इस बात की व्याख्या नहीं करता कि यह पहला सत्याग्रह क्यों था।